स्वस्थ तन में स्वस्थ मन का,
होता सुंदर वास।
स्वास्थ्य रहे तो जीवन में,
जगती नई मिठास॥
सुबह-सुबह जब सूरज निकले,
नया सवेरा लाए।
योग, प्राणायाम और व्यायाम,
तन-मन को महकाए॥
हरी-भरी सब्जियाँ खाएँ,
फल का करें आहार।
शुद्ध जल और पौष्टिक भोजन,
स्वास्थ्य का आधार॥
समय पर सोना, समय पर जगना,
जीवन का हो नियम।
आलस को हम दूर भगाएँ,
मेहनत बने हमारा धर्म॥
स्वच्छ रखें अपना घर-आँगन,
स्वच्छ रहे परिवेश।
स्वच्छ हवा और निर्मल पानी,
रोगों का करें अंत विशेष॥
हँसते-गाते आगे बढ़ना,
मन में रखें उमंग।
प्रेम, दया और सद्भावों से,
जीवन हो बहुरंग॥
धन-दौलत से बढ़कर स्वास्थ्य है,
यह अनमोल खजाना।
इसे सँभालकर रखना सबका,
कर्तव्य है निभाना॥
आओ मिलकर शपथ ये लें,
स्वस्थ समाज बनाएँगे।
खुद भी स्वस्थ, जगत भी स्वस्थ,
खुशियों के दीप जलाएँगे॥
स्वस्थ रहें, प्रसन्न रहें,
यही जीवन का सार।
स्वास्थ्य ही सच्ची संपत्ति है,
इससे सुंदर नहीं उपहार॥
पुनम कुमारी
उच्च माध्यमिक विद्यालय करजा
प्रखंड – शाहपुर
जिला – भोजपुर, बिहार

