विजय पताका-बिंदु अग्रवालविजय पताका-बिंदु अग्रवाल

0 Comments 10:59 pm

मेहनत करने वालों को मिलती मंज़िल की राहें। मंज़िल स्वागत-गान करे, फैलाकर अपनी बाँहें। जिसने अपना बना पसीना, लहू बहाया[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Ram Kishore Pathak

श्रीकृष्णं प्रणमाम्यहम् राम किशोर पाठक:श्रीकृष्णं प्रणमाम्यहम् राम किशोर पाठक:

0 Comments 9:32 am

दिव्याय वासुदेवाय यशोदानंदनाय च।गीताज्ञान प्रदाताय श्रीकृष्णं प्रणमाम्यहम्।। आद्याय विश्वरूपाय गोपाय पालकाय च।लीलाधराय बालाय श्रीकृष्णं प्रणमाम्यहम्।। राधिकांगाय गोविंदाय भुवे काममोहिने।प्रियाप्रीतिकृते सख्ये[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Ram Kishore Pathak

बरसात- भ्रमर छंद गीत राम किशोर पाठकबरसात- भ्रमर छंद गीत राम किशोर पाठक

0 Comments 9:04 pm

११-१६यति पूर्व पश्चात् पदांत गुरु लघु अनिवार्य जन-जन में अति हर्ष, दर्श कर नभ मेघा घनघोर।शीतल हुई बयार, पपीहा दादुर[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Ram Kishore Pathak

नमामि वानरेश्वरम्  राम किशोर पाठक:नमामि वानरेश्वरम्  राम किशोर पाठक:

0 Comments 11:45 am

चिरञ्जीवी महाज्ञानी वेदवेदाङ्गपारगम्।क्षेत्रपालं महावीरं नमामि वानरेश्वरम्।। जगदात्मा पुरारातिं नादरूपं यतीश्वरम्।मारुताय महोदारो नमामि वानरेश्वरम्।। अञ्जनाप्राणलिंगाय वायुवंशोद्भवाय च।कम्बुकंठाय लम्बोष्ठं नमामि वानरेश्वरम्।। अप्रपञ्चाय[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें

बिंदु अग्रवाल-ऐ लड़कियों सुनोबिंदु अग्रवाल-ऐ लड़कियों सुनो

0 Comments 10:07 am

ऐ लड़कियों सुनो…! तुम खुद अपनी पहचान बनो, तुम खुद अपना अरमान बनो, न ढूँढ़ो कहीं किनारा तुम, तुम खुद[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Ram Kishore Pathak

आदित्याय नमो नमः… राम किशोर पाठक:आदित्याय नमो नमः… राम किशोर पाठक:

0 Comments 8:55 am

अलोपकायः आर्काय एकचक्रधराय च।खगेश्वराय कृष्णाय आदित्याय नमो नमः।। अजिताय तमोहत्रे त्रिपुरेशाय डिण्डिने।नुन्नाय नरनाथाय आदित्याय नमो नमः।। पुटेश्वराय सूर्याय धुरीनाय पुरारये।घटाकराय[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Ratna Priya

अनमोल तेरा प्यार है – रत्ना प्रियाअनमोल तेरा प्यार है – रत्ना प्रिया

0 Comments 8:56 am

ओ प्रिय ! तेरी बाँहों में मेरा पूरा संसार है, बिन मोल ही बिक जाऊँ मैं, अनमोल तेरा प्यार है। [...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Ram Kishore Pathak

शनिदेवं नमाम्यहम्..राम किशोर पाठक:शनिदेवं नमाम्यहम्..राम किशोर पाठक:

0 Comments 7:53 am

<p>धनरूपाय सौम्याय महनीयगुणात्मने।शर्वाय नीलवर्णाय शनिदेवं नमाम्यहम्।। विरूपाक्षाय वेद्याय आयुष्यकारणाय च।भावुकदाय श्रेष्ठाय शनिदेवं नमाम्यहम्।। कालदाय कवींद्राय गोचराय कलाय च।त्रिगुणाय त्रिनेत्राय शनिदेवं[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें