(हाइकू)
१
कोपल मुस्काई-
भीनी आम्र-मंजरी में
नव-प्राण-स्पंदन।
२
पीत-पुष्प खिले-
नीरव आँगन के भीतर
स्मृति-सरोवर जागा।
३
सरसों हँसी-
शीत का अंतिम अश्रु
धरा ने पोंछा।
४
मलयानिल बहा-
गंधित हुई दिशाएँ,
चित्त हुआ आलोकित।
५
वीणा-निनाद-
शारदा-चरणों में
तम हुआ विसर्जित।
आस्था दीपाली
शिक्षिका
राजकीयकृत कृत उच्च माध्यमिक (+२) विद्यालय कुढ़नी, मुज़फ़्फ़रपुर
0 Likes

