Category: sandeshparak

Sandeshparak poems are poems that are used to convey a message with feelings. Through poems, statements related to the country, the world, and society are transmitted to the people. Teachers of Bihar give an important message through the Sandeshparak of Padyapankaj.

Nirupama

जुड़े आप-कुमारी निरुपमाजुड़े आप-कुमारी निरुपमा

0 Comments 4:35 pm

जुड़े आप योगा सही ढंग से जीने का विज्ञान यह संस्कृत शब्द ‘युज’ से बना जिसका मतलब है जुड़ना एक[...]

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Aprajita

उन्हें समर्पित हर दिन-अपराजिता कुमारीउन्हें समर्पित हर दिन-अपराजिता कुमारी

0 Comments 9:08 am

उन्हें समर्पित हर एक दिन पापा जी को समर्पित एक ही दिन क्यों हर दिन है पापा जी का दिन[...]

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Naresh

योग स्वयं को जानने की कला है- नरेश कुमार ‘निराला’योग स्वयं को जानने की कला है- नरेश कुमार ‘निराला’

0 Comments 10:44 am

योग स्वयं को जानने की कला है भारत के इस प्राचीन सांस्कृति को अब मिलजुल कर आगे बढ़ाना है, पूरी[...]

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Shekhar

योग सबके लिए-चंद्रशेखर कुमार गुप्तायोग सबके लिए-चंद्रशेखर कुमार गुप्ता

0 Comments 5:24 pm

योग सबके लिए योग, शांति और समन्वय के लिए स्वास्थ्य और समृद्धि के लिए तन के लिए, मन के लिए[...]

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M S HUSSAIN

मैं योग को चला-एम० एस० हुसैन “कैमूरी”मैं योग को चला-एम० एस० हुसैन “कैमूरी”

0 Comments 5:22 pm

मैं योग को चला बहुत ही लाड प्यार से मैं था बढ़ा और पला न थी फिक्र कोई भी न[...]

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