मैं हूँ कितना भाग्यवान मैं हूँ कितना भाग्यवान जिसे मिला इतना सम्मान पढ़-लिख कर नाम रोशन किया माँ-बाप का नाम[...]
Tag: अवनीश कुमार
वीर-अवनीश कुमारवीर-अवनीश कुमार
वीर वीर तू आगे बढ़ शत्रु पर वार कर शत्रु छद्मरूप धरे बहुतेरे आलस्य, निद्रा, अहम, वहम छल, द्वेष, पाखंड,[...]
सारे जहाँ से अच्छे बापू-अवनीश कुमारसारे जहाँ से अच्छे बापू-अवनीश कुमार
सारे जहाँ से अच्छे बापू महापुरुष ऐसे हीं नही, कोई कहलाता नर जिसकी इच्छाशक्ति दृढ़ हो स्ववालम्बन जिनका संकल्प हो[...]
अंतर-अवनीश कुमारअंतर-अवनीश कुमार
अंतर कुछ कर दिखा इस जमाने में बता दे दुनियाँ को नहीं है मानव-मानव में अंतर आज दिख रहा जो[...]
माँ की ममता-अवनीश कुमारमाँ की ममता-अवनीश कुमार
माँ की ममता जब छोटा था, प्यारा था माँ का राज दुलारा था । करता गीली शैय्या था , फिर[...]
है शान हमारी हिन्दी-अवनीश कुमारहै शान हमारी हिन्दी-अवनीश कुमार
है शान हमारी हिंदी निज राष्ट्र के गौरव गान की शान बढ़ाती हिंदी सर्व भाषाओं की शिरोमणि है राष्ट्र भाषा[...]
गुरु की महिमा-अवनीश कुमारगुरु की महिमा-अवनीश कुमार
गुरु की महिमा गुरु के चरण रज की जो माथे तिलक लगाता है अज्ञानी भी ज्ञानी चंद घड़ियों में बन[...]
चेतावनी ईश्वर की-अवनीश कुमारचेतावनी ईश्वर की-अवनीश कुमार
चेतावनी ईश्वर की समय करवट है ले रहा ईश मानव समक्ष एक प्रश्न रख रहा क्यों खुद को तू ईश्वर[...]
मंजिल दूर नहीं-अवनीश कुमारमंजिल दूर नहीं-अवनीश कुमार
मंजिल दूर नहीं कर्म निरन्तर करता चल व्यर्थ चिंतन छोड़ता चल रणनीतियाँ गढ़ता चल आत्ममंथन करता चल खुद से तुलना[...]
विज्ञान को नमस्कार-अवनीश कुमारविज्ञान को नमस्कार-अवनीश कुमार
विज्ञान को नमस्कार दूर अंधेरा छँट रहा मन मे एक विश्वास जग रहा लग रहा ये आखिरी प्रयोग होगा जीत[...]
