प्यारी मॉं माँ, मेरी माँ, प्यारी माँ कुछ कहना नहीं मुझे तुम्हारे लिए, इतने शब्द कहाँ से लाऊँ मैं, ईश्वर[...]
Day: May 8, 2021
मां तेरे सदके जाऊंगी-चॉंदनी झामां तेरे सदके जाऊंगी-चॉंदनी झा
मां तेरे सदके जाऊंगी जो प्रकृति है, जो शक्ति है, जिससे जीवन मिलती है। क्या संभव है लिख पाना उसकी[...]
अतुल्य रिश्ता-विजय सिंह नीलकण्ठअतुल्य रिश्ता-विजय सिंह नीलकण्ठ
अतुल्य रिश्ता माता होती है अतुल्य जिसे जानती दुनिया सारी अतुल्य रिश्ता है इनसे जो कहलाती माता प्यारी। सबसे पहले[...]
उन्मुक्त गगन-मनु कुमारीउन्मुक्त गगन-मनु कुमारी
उन्मुक्त गगन श्रृष्टि के सभी प्राणियों को भाता है स्वतंत्र रहना, पशु हो या पक्षी सभी चाहते हैं उन्मुक्त गगन[...]
वृक्ष लगाओ-मधु कुमारीवृक्ष लगाओ-मधु कुमारी
वृक्ष लगाओ वृक्ष लगाओ, वृक्ष लगाओ जीवन अस्तित्व के लिए ऑक्सीजन के श्रोत बढाओ पर्यावरण को ही नहीं अपितु मानव[...]
