विधा: दोहा पृथ्वी दिवस मनाइए, लेकर नव विश्वास। जन-जन को जागृत करें, पेड़ लगाएँ पास।। हरित दिखे धरती सदा, ऐसा[...]
Category: विश्व पृथ्वी दिवस
वसुधा पुकारती – एस. के. पूनमवसुधा पुकारती – एस. के. पूनम
विधा – मनहरण छंद तड़ाग में भरा पंक, अब खिलेगा सारंग, पुष्प पर बैठे अलि, बना है शरारती। लुभावने लग[...]
खाकर हो जाते हवा हवाई – नीतू रानीखाकर हो जाते हवा हवाई – नीतू रानी
पृथ्वी दिवस मनाइए, साल में दो पेड़ लगाइए।। पृथ्वी को रखिए सुरक्षित, लगाइए उस पर सुंदर-सुंदर वृक्ष।। उपजाइए पृथ्वी पर[...]
पृथ्वी को सुरक्षित करें – एम० एस० हुसैन “कैमूरी”पृथ्वी को सुरक्षित करें – एम० एस० हुसैन “कैमूरी”
आओ हम सब मिलकर एक नया प्रयास करें। पृथ्वी भी होती है दुखित, इसका आभास करें।। हम सब तो अपने[...]
धरती माँ की पुकार – सुरेश कुमार गौरवधरती माँ की पुकार – सुरेश कुमार गौरव
धरती माँ की बेहद करुण कहानी, सुन लो हे मानव! मत करो नादानी। पेड़ कटे, नदियाँ सूखीं, ज़मीन हुई कम,[...]
हम सब धरती की संतान हैं – नूतन कुमारीहम सब धरती की संतान हैं – नूतन कुमारी
विश्व को बनाएं सुसंगठित परिवार, अपनी धरा को दें खुशियाँ अपार। हर चेतना में करें नव ऊर्जा का संचार, धर्म[...]
