कलाधर छंद – रामपाल प्रसाद सिंह अनजान सुधीर छोड़ते निशान हैं। भारतीय लोग हैं विचारवान पुण्यवान, देश में यहाॅं-वहाॅं नई-नई उड़ान हैं। देश में विदेश में जहाॅं मिले विशेष ज्ञान,…
Category: शैक्षणिक
उमर हमर नौनिहाल यौ – मनु कुमारी
उमर हमर नौनिहाल यौ – मनु कुमारी बाबूजी कियै करैछी हमर बाल विवाह यौ। उमर हमर नौनिहाल यौ ना।। ई अछि खेलय पढैय केर दिन। हम नय रहब अम्मा केर…
बाल-विवाह – रत्ना प्रिया
बाल-विवाह – रत्ना प्रिया ब्याह नहीं कोमल कलियों का फूलों-सा खिल जाने दो, बचपन, शिक्षा और यौवन को, मंजिल तो मिल जाने दो। वरदानरूप मिला यह जीवन, बने यह अभिशाप…
ठंड का प्रभाव – जैनेन्द्र प्रसाद ‘रवि’
ठंड का प्रभाव – जैनेन्द्र प्रसाद ‘रवि’ मनहरण घनाक्षरी छंद जाड़े में जो कुहासे से बढ़ जाती ठंड जब, अत्यधिक होती नमी, शीतल पवन में। कभी बढ़ जाती सर्दी, कभी…
बसंत- दोहा छंद गीत – राम किशोर पाठक
बसंत- दोहा छंद गीत – राम किशोर पाठक सर्दी से है काँपते, जाने कब हो अंत। हमें बचाने आ रहा, मनहर मृदुल बसंत।। हर मौसम में हो रहा, अक्सर सबको…
चित्राधारित सृजन करता मैं रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’ छंद विधाता
चित्राधारित सृजन करता मैं रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’ छंद विधाता यहाॅं कुछ लोग हैं दिखते, सुवासित कर रहे जग को। कटीली झाड़ियों में से, निकाले थे कभी मग को।। अभावों…
संसार- दोहे – राम किशोर पाठक
संसार- दोहे जैसी मन की भावना, वैसा ही संसार। अपने-अपने कर्म की, झेल रहे सब मार।।०१।। दुख को जो है झेलता, कहे दुखी संसार। खुशियाँ जिसको हैं मिली, वह करता…
वंशी बजाए नंदलाल – नीतू रानी
वंशी बजाए नंदलाल – नीतू रानी सब गायों के बीच में वंशी बजाए नंदलाल, एक भी नही दिख रहा वहाँ खड़ा कोई ग्वाल। मुरली बजा रहे नंदलाला देख रही सब…
राष्ट्रीय पक्षी दिवस – मनहरण घनाक्षरी – राम किशोर पाठक
राष्ट्रीय पक्षी दिवस – मनहरण घनाक्षरी – राम किशोर पाठक आया यह दिन खास, करना है अहसास, जनवरी पाँच आज, समझ बनाइए। कौआ चील गिद्ध मोर, पक्षियों के भाए शोर,…
दोहे – राम किशोर पाठक
दोहे सोमेश्वर सबके सखा, सहज सुलभ संसार। संकटमोचक सम सदा, सकट सतत संहार।। भ्रमित भँवर भव-भय भुवन, भजन भाव भगवंत। सरल साधना संग सह, सहज सुलभ सब संत।। शुभद शिवाला…