मेरी प्यारी माँ- राकेश कुमार यादव

मेरी मां सबसे प्यारी, सबसे बलशाली बाढ़ -पानी सबमें इलाज कराने जाती। अपनें लाडले की भलाई के लिए सारी दुनिया से लड़ जाती। मां वह शब्द है जिसमे समाहित है…

हिंदी हमारी अस्मिता की पहचान – नेहा कुमारी

कही तुलसी ने लिखी कविता, कही छाया रसखान है, कही प्रेमचन्द के रचनाओं में, आंचलिक गुणगान है, मै क्यों ना कहूं गर्व से, हिंदी हमारी अस्मिता की पहचान है ।…

एक पौधा लगाऊंगा – राम बाबू राम

एक पौधा लगाऊंगा   एक पौधा लगाऊंगा, उसमें रोज पानी डालूंगा। जंगल-झाड़ काटकर, साफ-सुथरा रखूंगा, जब पौधा बड़ा हो जाए, उसके छांव में बैठूंगा। फिर झूला झूलूंगा, फल तोड़ घर…