Category: Deshbhakti

Ram Kishore Pathak

मैं राष्ट्र धर्म को अपनाया – राम किशोर पाठक मैं राष्ट्र धर्म को अपनाया – राम किशोर पाठक 

0 Comments 1:21 pm

मैं बहती बन जाऊँ सरिता  मैं जीवन में लाऊँ ललिता  मैं झुंड यहाँ देखूँ कितने मैं ढूँढ रहा खुद के[...]

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Ram Kishore Pathak

संविधान- लावणी छंद – राम किशोर पाठकसंविधान- लावणी छंद – राम किशोर पाठक

0 Comments 10:13 pm

संविधान- लावणी छंद – राम किशोर पाठक नीति नियम का ग्रंथ यही है, जिसके सन्मुख समरस रहते। देश चलाते हैं[...]

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Ram Kishore Pathak

राष्ट्र भक्त हम, कहलाएँ- वासुदेव छंद गीत  राम किशोर पाठक राष्ट्र भक्त हम, कहलाएँ- वासुदेव छंद गीत  राम किशोर पाठक 

0 Comments 7:59 pm

राष्ट्र भक्त हम, कहलाएँ- वासुदेव छंद गीत  राष्ट्र हेतु हम, मिट जाएँ। राष्ट्र-भक्त हम, कहलाएँ।। आओ मिलकर, पले यहाँ। कदम[...]

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बिरसा मुंडा की जयंती-रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’बिरसा मुंडा की जयंती-रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’

0 Comments 6:58 pm

आजादी आधार, मिली जब से भारत को। दौड़ पड़े सबलोग,विनत हुए सु-स्वागत को।। सुनकर विस्मित मान,रहे हैं खुद को प्राणी।[...]

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Ram Kishore Pathak

भारत मांँ की बेटियांँ…राम किशोर पाठकभारत मांँ की बेटियांँ…राम किशोर पाठक

0 Comments 2:40 pm

भारत माँ की बेटियांँ- प्रदीप छंद गीत धरती से अंबर तक फैली, जिसकी गाथा खास है। आज बेटियाँ भारत माँ[...]

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Ram Kishore Pathak

राष्ट्रीय एकता दिवस – राम किशोर पाठकराष्ट्रीय एकता दिवस – राम किशोर पाठक

0 Comments 9:17 pm

राष्ट्रीय एकता दिवस   दिवस राष्ट्रीय एकता वाला। लेकर समरसता का माला।। आओ इसकी कथा सुनाएँ। सरदार पटेल से मिलवाएँ।।[...]

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देवदूत – जैनेन्द्र प्रसाद रविदेवदूत – जैनेन्द्र प्रसाद रवि

0 Comments 11:02 am

देवदूत(मनहरण घनाक्षरी छंद में)††††भाग-१देवदूत बनकर,लिया जब अवतार,वन गिरी जमीं संग, झूमा था गगन है। खुद जो गरल पीया,दूसरों के लिए[...]

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Ram Kishor Pathak

अनुपम गाँधी-शास्त्री- राम किशोर पाठकअनुपम गाँधी-शास्त्री- राम किशोर पाठक

0 Comments 12:17 pm

गाँधी शास्त्री थें भारत के लाल। जन्में दोनों सुंदर देश विशाल।। अपने कर्मो से हरपल विख्यात। धन्य हुई दोनों से[...]

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बिंदु अग्रवाल

नव भारत का निर्माण करें – बिंदु अग्रवालनव भारत का निर्माण करें – बिंदु अग्रवाल

0 Comments 10:46 pm

आओ भारतवासी मिल कर  ज़न-ज़न का आह्वान करें,  नव गति, नव लय, गीत नया हो  नव भारत का निर्माण करें।[...]

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