वाणी वाणी मधुरिम नित ही बोलें हृदय तराजू इसको तोलें। बोल परिष्कृत सबको भाये जन-जन में ही तब यह छाये।। सरस बोल अनमोल खजाना जीवन में तुम इसे बचाना। कोयल…
Category: sandeshparak
Sandeshparak poems are poems that are used to convey a message with feelings. Through poems, statements related to the country, the world, and society are transmitted to the people. Teachers of Bihar give an important message through the Sandeshparak of Padyapankaj.
बुलंद इरादे-अवनीश कुमार
बुलंद इरादे कर इरादा इतना बुलंद सागर भी तेरे पाँव पखाड़े गगन से संदेश आया है आज अमृत वर्षा होनी है तू किस फिराक में पड़ा है जो होना है…
भारतीय सेना-अनुज कुमार वर्मा
भारतीय सेना मातृभूमि के कर्मवीर हम, देश की रक्षा के सूत्र हम। साहसी माँ के सपूत हम, सभी मानवों के उम्मीद हम। एकता के प्रतीक राष्ट्र को नमन, मेरी चाह…
आओ मन के रावण को मारें-भवानंद सिंह
आओ मन के रावण को मारें हजारो रावण को जलाया गया जला न मन का मैल, जिस दिन मन का मैल जलेगा उस दिन फैलेगा अमन-चैन । आओ मन के…
अनमोल जिन्दगी-डाॅ अनुपमा श्रीवास्तव
अनमोल जिन्दगी जाए न व्यर्थ जिदंगी यह बड़ा “अनमोल” है, इस धरा पर तेरा नहीं तेरे कर्म का ही “मोल” है । मिल न पाये क्या पता “जीवन” तुझको फिर…
नर ही नारायण-अर्चना गुप्ता
नर ही नारायण छोड़ पुष्पों की सेज सुहानी जो काँटों का बिस्तर अपनाए कर्मपथ पर सतत चलकर जो सबका पथ प्रदर्शक बन जाए परहित समर्पित वह नर ही जीवन में…
इंटरनेट का परिचय-अपराजिता कुमारी
इंटरनेट का परिचय इंटरनेट को कहते अंतरजाल यहाँ है सूचनाओं का भंडार एक दूसरे से जुड़कर बना महाजाल दुनिया भर में घुमता रहता Text, Image, Mp3, Video और Information, Data…
नन्हें बच्चे-कुमारी अनु साह
नन्हें बच्चे हम नन्हें बच्चे काफी श्रम करते हैं आसमान में उडने का दम भरते हैं । मेहनत से हम इतिहास लिखेंगे धरती से आकाश लिखेंगे अपनी मातृभूमि के मस्तक…
मैं हिम्मत हूँ-विजय सिंह नीलकण्ठ
मैं हिम्मत हूँ धैर्य भी हूँ दवा भी हूँ मानव जीवन का सब कुछ हूँ बिन मेरे न कुछ भी संभव कहलाता मैं हिम्मत हूँ। मुझसे ही मिलती ताकत है …
दोहे-विनय कुमार ओज
दोहे ऋण न किसी का भूलिए, मत भूलें उपकार। ऋण जो आप उतार दें, मन से जाए भार।। वाणी मरहम भी करे, अरु करती है घाव। वाचा विष मत घोलिये,…