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कश्यप नन्दन देव दिवाकर- सरसी छंद गीत
तुमसे ही जग जीवन पाता, करते तुम उपकार।
कश्यप नन्दन देव दिवाकर, नमन करो स्वीकार।।
तिमिर घनेरा हरने वाले, दिनकर देव महान।
क्षमा करें हर भूल हमारी, बालक हम नादान।।
नित्य तुम्हारे दर्शन से ही, होता जग उजियार।
कश्यप नन्दन देव दिवाकर, नमन करो स्वीकार।।०१।।
सभी ग्रहों के स्वामी तुम हो, कहते तुम्हें खगेश।
अदिति पुत्र रवि मंगल कारी, शूभकर तुम्ही दिनेश।।
जगत नियंता तुम भगवन्ता, ऋणमय है संसार।
कश्यप नन्दन देव दिवाकर, नमन करो स्वीकार।०२।।
जन्म सप्तमी तिथि शुभकारी, अनुपम तेरा तेज।
सप्त रश्मियाँ रथ में धारे, ऊष्मा प्रभा सहेज।।
परम-पिता गायत्री सविता, वंदन बारंबार।
कश्यप नन्दन देव दिवाकर, नमन करो स्वीकार।०३।।
गीतकार:- राम किशोर पाठक
प्रधान शिक्षक
सियारामपुर, पालीगंज, पटना, बिहार।
संपर्क – 9835232978

