मुट्ठी में रेत… मनु कुमारीमुट्ठी में रेत… मनु कुमारी

0 Comments 11:58 am

मुट्ठी में रेत-सी है यह जीवन की कहानी,कब फिसल जाए उँगलियों से, किसे है यह निशानी।काग़ज़-सा भीग जाए, जल में[...]

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Ram Kishore Pathak

होली गाए रे- रामकिशोर पाठकहोली गाए रे- रामकिशोर पाठक

0 Comments 8:27 pm

होली गाए रे मचल-मचल के भ्रमर कुमुदिनी में छुप जाए रे। आज पपीहा कूक मधुर सी होली गाए रे।। कलियाँ[...]

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Girindra Mohan Jha

बच्चो तुम प्रश्न पूछो – गिरींद्र मोहन झाबच्चो तुम प्रश्न पूछो – गिरींद्र मोहन झा

0 Comments 8:11 pm

बच्चों तुम प्रश्न पूछना ! बच्चों तुम प्रश्न पूछना शिक्षकों से, गुरुजनों से, माता-पिता से, गूगल से, अपने वरेण्य जनों[...]

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RAMPAL SINGH ANJAN

मंगल रामपाल प्रसाद सिंहमंगल रामपाल प्रसाद सिंह

0 Comments 8:06 pm

मनहर घनाक्षरी। मंगल नीले-नीले नभ नीचे,हरियाली नैन खींचे, मटर की छिमियों में,स्वाद बलवान है। सर्षप के आसपास,अलसी बसी है खास,[...]

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गांधी: देह नहीं, एक विचारगांधी: देह नहीं, एक विचार

0 Comments 4:10 pm

यह केवल एक तारीख नहीं, यह आत्मा का मौन है। आज भारत सिर झुकाकर कहता है— बापू, आप अमर हैं, [...]

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Manu Raman Chetna

तुम हो तो बसंत है-मनु कुमारीतुम हो तो बसंत है-मनु कुमारी

0 Comments 9:02 pm

तुम हो तो बसंत है, वरना मौसम रूठ जाते हैं, तुम्हारी हँसी से पतझर भी गीत गुनगुनाते हैं। तुम्हारा साथ[...]

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Manu Raman Chetna

मन चंगा तो कठौती गंगा-मनु कुमारीमन चंगा तो कठौती गंगा-मनु कुमारी

0 Comments 7:53 pm

एक साधारण गृह से उठी, चेतना की दिव्य ज्वाला। रविदास ने कर्म से तोड़ा, रूढ़ि-बंधन का हर ताला। न मंदिर[...]

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