शनैः शनैः जिंदगी गुजर रही है-नूतन कुमारी

शनैः शनैः जिंदगी गुजर रही है लम्हों का गुजरना ऐसा है मानों, मुट्ठी से रेत फिसल रही है, इसे गिले-शिकवे में न जाया कर, क्योंकि शनैः शनैः जिंदगी गुजर रही…

आओ मिलकर नववर्ष मनाएं-नरेश कुमार ‘निराला’

आओ मिलकर नववर्ष मनाएं आर्यावर्त के पावन भूमि पर सद्भावना का अलख जगायें, अंधविश्वासों का तिमिर मिटे ज्ञान का हम ज्योति जलायें, आओ मिलकर नववर्ष मनाएं। गिले-शिकवे को भूलकर हम…

हम होंगे कामयाब-मधु कुमारी

हम होंगे कामयाब हम होंगे कामयाब बेशक पूरे होंगे सारे अधूरे ख्वाब। चाहे हालात कितने भी सख्त हो हौसले हमारे न पस्त हो कदम नहीं रोकेंगे जीत कर हीं मानेंगे। …

दिव्य मन-लवली वर्मा

दिव्य मन ईश्वर से मिला दिव्य मन, करता जीवन का संचालन। हो अगर यह दृढ़ संकल्पित, जीवन होगा परम आनंदित। दिव्य मन उन्नति का द्वार, सृजित करता है सुविचार। होता…

आओ मानवता का विस्तार करें-एम० एस० हुसैन “कैमूरी”

आओ मानवता का विस्तार करें आओ हम सब मिलकर मानवता का विस्तार करें सच्चाई की राह पर चलें इसका हमसब प्रचार करें जग में हैं जितने भी बाधाएं ऊंच-नीच और…

पिता की चाहत-जैनेन्द्र प्रसाद रवि

पिता की चाहत जीवन का अभियान पिता का, बच्चे होते अरमान पिता का। तिनका तिनका जोड़ जुटाया, अपने सपनों का महल बनाया, उसमें बसती जान पिता का। ताकत से बढ़कर…