हुई रौशनी जगमग जगमग आज चारों ओर आओ मनाएं खुशियां सारे कि आज दीवाली है। देखो ..गांव और शहर भी देखो मानो तारे आसमां से हमसे हैं मिलने आएं कि…
श्री का अवतार रत्ना प्रिया
श्री का अवतार श्री, समृद्धि, सौभाग्ययुक्त, माता आईं द्वार । भक्तों की सद्इच्छाएँ, पल में होें साकार ।। श्री चरण के आग्मन से, शुभता का हो वास , दु:ख, दारिद्रय…
दीपावली -रुचिका
दीपावली दीपों की जगमग अवलि, अँधेरों से देखो कैसे लड़ रही है अमावस के गहन तिमिर को दूरकर प्रकाश हर जगह बस रही है। एक दीया प्रेम और विश्वास का…
राम आए अयोध्या -डॉ स्नेहलता द्विवेदी
दिवाली की बहुत बधाई और शुभकामनाएं राम आए अयोध्या राम आए अयोध्या दिए जल उठे , आज देखो अमावस पूनम हो गई। हर गली हर डगर है बधाई बजे, राम…
मेरी प्यारी गौरैया -अवधेश कुमार
मेरी प्यारी गौरैया : बाल कविता आँगन में जब हँसी गूँजती, नन्हें पाँव दौड़ जाते, गौरैया संग बच्चे मिलकर, गीत खुशी के गाते। कभी तिनका लाए, कभी दाना चुगे नटखट…
धनतरेस रामकिशोर पाठक
धनतेरस – मनहरण घनाक्षरी धनतेरस है आया, लेकर धन की माया, बाजार धूम मचाया, हाट गुलजार है। करना है दीप-दान, यम को देते सम्मान, पूजन विधि विधान, सुंदर त्यौहार है।…
धनतरेस -रामपाल प्रसाद सिंह
धनतेरस। रोला छंद । पावन कार्तिक मास,स्वर्ग से सुंदर भाता। त्रयोदशी का योग,कृष्ण पक्ष अति सुहाता। प्रकट हुए धनदेव, ग्रंथ आदिम कहते हैं। देते शुभ सम्मान,सदा साधक रहते हैं।। धनतेरस…
ऋण बैकुंठ बिहारी
ऋण ऋण माता का, ऋण पिता का, ऋण भाई बहन का, ऋण प्रियजनों का।। ऋण मित्र का, ऋण शत्रु का, ऋण परिचित का, ऋण अपरिचित का।। ऋण समय का, ऋण…
मिलकर दीप जलाएँ – बाल गीत
मिलकर दीप जलाएँ – बाल गीत आओ खुशी मनाएँ। मिलकर दीप जलाएँ।। घना अँधेरा छाया। धन्य अमावस आया।। कहते सभी दिवाली। इसकी कथा निराली।। बच्चे हर्षित गाएँ। मिलकर दीप जलाएँ।।०१।।…
दीप जलाने आओ – राम किशोर पाठक
दीप जलाने आओ- गीत वैर को आज मिटाने आओ। दीप से दीप जलाने आओ।। द्वेष कोई अपनाना छोड़ो। भाव सारे बहकाना छोड़ो।। हाथ से हाथ मिलाने आओ। दीप से दीप…