बोलता समय – राम किशोर पाठक

बोलता समय- दोहा छंद गीत शोर शराबा तो सदा, खौलाता है रक्त।अधर जहाँ पर मौन हो, वहाँ बोलता वक्त।। अगर प्रकट करते नहीं, मन के अपने भाव।ध्यान रखें इतना मगर,…

अनुकरण से सीखना – मनु कुमारी

अनुकरण से सीखना बोलने से पहले बच्चे,आँखों से पढ़ना सीखते हैं।कहने से पहले दुनिया को,करके देखना सीखते हैं। जो देखा, वही सीखा उसने,जो पाया, वही अपनाया।जीवन की पहली पाठशाला,अनुकरण ने…

मतदान करें – अमरनाथ त्रिवेदी

मतदान करें मतदान करें , स्वकार्य करें,तरक्की का मार्ग प्रशस्त करें।पाँच वर्ष में क्या खोया – पाया,इस बात का जरूर संज्ञान करें। मत से ही सरकार है बनती,आपके मत से…

कविता का स्वरूप-बिपिन कुमार चौधरी

कविता का स्वरूप सभी विद्वानों के विचारों का अंतिम सार, कविता कवि के भावनाओं का उदगार, मुख्य रूप से इनके तीन प्रकार, महाकाव्य, खंडकाव्य, मुक्तक काव्य, कविता के सौंदर्य का…

पोषण-अशोक कुमार

पोषण गेहू,चावल,आलू,मक्का, नित्य भोजन करो इसका पक्का। कार्बोहाइड्रेट के है ये भंडार, मिलती है ऊर्जा आपार। रजमा,दाल और सोयाबिन, मिलती है इसमे प्रोटीन। जब थाली मे होगे ये प्रतिदिन, तभी…