मधुमय देश बनाना है-डॉ. स्नेहलता द्विवेदी आर्या

मधुमय देश बनाना है सुरभित सुंदर संस्कार का अद्भुत देश हमारा है, भगत सिंह गाँधी सुभाष संग हमने भी दिल हारा है। तरुणाई के प्रखर शौर्य को जनहित में रचने…

वीर जवान सरहद पर जाते-डॉ. स्नेहलता द्विवेदी ‘आर्या ‘

वीर जवान सरहद पर जाते तन मन जगमग हो जाता है, नमन कोटिशः सब मिल गाते। मातृभूमि पर मर मिटने को, वीर जवान सरहद पर जाते। बूढ़ी माँ के आँचल…

टिशू पेपर-डॉ. स्नेहलता द्विवेदी ‘आर्या’

मैं टिशू पेपर मैं!  टिशू पेपर! सभ्यता की पहचान  सौम्य सॉफ्ट आन-बान शान, हाथों से अधरों, गालों तक, जाने कहाँ-कहाँ मैं सहज पहुँचता हूँ। मैं! टिशू पेपर! स्वयं को निहारता,…