दीपक के कई रूप एक दीप, आशा की किरण, निराश मन की आशा | एक ज्योति, उज्ज्वल दृष्टि, नयनों की[...]
Author: Dr Snehlata Dwivedi
मीठी बोली- रामपाल प्रसाद सिंहमीठी बोली- रामपाल प्रसाद सिंह
मीठी बोली। कोयल के लिए स्वर,अनमोल सरोवर, डूबने को हर लोग,चाहते हैं दिन-रात। काक काला लिए रंग,कंठस्थ है स्वरभंग, करते[...]
वंदनवार सजे शारदा – रामपाल प्रसाद सिंहवंदनवार सजे शारदा – रामपाल प्रसाद सिंह
वंदनवार सजे शारदा शोर हुआ अब कानन में। मदिरा सवैया भोर हुई उठ जा प्रिय जीवन, बोल रही कोयल वन[...]
हेलो अक्टूबर अवधेश कुमारहेलो अक्टूबर अवधेश कुमार
हेलो अक्टूबर : मेरे बगीचे से : बाल कविता अक्टूबर आया लेकर मौसम सुहाना सा, सूरज मृदु , नभ नीला[...]
चरणों की भक्ति -जैनेन्द्र प्रसाद रविचरणों की भक्ति -जैनेन्द्र प्रसाद रवि
चरणों की भक्ति रूप घनाक्षरी छंद दानवों का दुनिया में अत्याचार बढ़ा जब, धरा की पुकार सुन, लिया तब अवतार।[...]
दीप जलाना कर्म है रामकिशोर पाठकदीप जलाना कर्म है रामकिशोर पाठक
दीप जलाना कर्म है – दोहा छंद गीत तिमिर घना कितना यहाँ, इसका करें न ध्यान। दीप जलाना कर्म है,[...]
मतदान -नीतू रानीमतदान -नीतू रानी
-मतदान। आने वाला है इलेक्शन। कुछ दिन बाद है इलेक्शन आने वाले, लोग मिलेंगे तुमको बहलाने -फुसलाने वाले। जो करते[...]
मिसाइल मैन -राम किशोर पाठकमिसाइल मैन -राम किशोर पाठक
मिसाइल मैन – महामंगला छंद (विश्व विद्यार्थी दिवस) करिए उनको नमन, जो भारत की शान। मैन मिसाइल अबुल, विश्व लिया[...]
कैकेई का त्याग – विधाता छंद गीत – राम किशोर पाठककैकेई का त्याग – विधाता छंद गीत – राम किशोर पाठक
कैकेई का त्याग- विधाता छंद गीत जगत कल्याण के कारण, किया विष पान त्रिपुरारी। पुनः दुनिया बचाने को, किया है[...]
चलो हाथ धोते हैं अवधेश कुमारचलो हाथ धोते हैं अवधेश कुमार
चलो हाथ धोते हैं । एक दिन हाथ बोले । चलो आज नया काम करते हैं, गंदगी से दोस्ती तोड़ते[...]
