वसंत की खुशबू फिजा में, तैर रही नित शान से। जवाँ दिल बढ़ें चलें, रुकें न अग्नि बाण से। न[...]
Category: संदेश
हमारे जमाने की ईद- संजय कुमारहमारे जमाने की ईद- संजय कुमार
बहुत याद आती है ईदें पुरानी नानी और दादी के किस्से कहानी हिन्दू न हम थे न मुसलमान मीनू वो[...]
नव दुर्गा का दिव्य संदेश – सुरेश कुमार गौरवनव दुर्गा का दिव्य संदेश – सुरेश कुमार गौरव
“शैलपुत्री” का पहला वंदन-धैर्य संकल्प का दीप जलाओ, अडिग रहो, हिमगिरि सम दृढ़, सच्चे पथ पर कदम बढ़ाओ। “ब्रह्मचारिणी” का[...]
आओ मिल नववर्ष मनायें- अमरनाथ त्रिवेदीआओ मिल नववर्ष मनायें- अमरनाथ त्रिवेदी
आओ सब मिल नव वर्ष मनायें, अपने सपने खूब सजायें। चेतनता का द्योतक है यह, सृजन का उद्घोषक है यह। आज मही[...]
आया है नववर्ष- शैलेन्द्र भूषणआया है नववर्ष- शैलेन्द्र भूषण
प्रतिवर्ष है यह आता तन-मन को खूब भाता सृष्टि में फैला अद्भुत यह कैसा सुखद हर्ष आया है नववर्ष। हम[...]
नव संवत्सर का शुभागमन- सुरेश कुमार गौरवनव संवत्सर का शुभागमन- सुरेश कुमार गौरव
चैत्र मास आया लेकर नव जीवन का संचार, संवत्सर नव मंगलमय, भर दे उमंग अपार। शुक्ल पक्ष की प्रथम रश्मियाँ[...]
अमर शहीदों को नमन- सुरेश कुमार गौरवअमर शहीदों को नमन- सुरेश कुमार गौरव
वीरों की इस भूमि पर, गूँज रही शौर्य हुंकार, शान से बलिदानियों ने, लिखे नये संस्कार। भगत, सुखदेव, राजगुरु, थे[...]
शौर्य का जयघोष – अवनीश कुमारशौर्य का जयघोष – अवनीश कुमार
जब भी लगे तुम्हें, विश्वास तुम्हारा डगमगाने लगा है, लेकर आशा की मशाल, दशरथ माँझी-सा आना तुम एक और प्रहार[...]
चिपको आंदोलन- रामकिशोर पाठकचिपको आंदोलन- रामकिशोर पाठक
अंधाधुंध वन कटने लगे, चलने लगी कुल्हाड़ियाँ। होने लगा विनाश वनों का, थी शहर की तैयारियाँ। राजस्थान जहॉं पहले हीं,[...]
कविता की महिमा है न्यारी- अमरनाथ त्रिवेदीकविता की महिमा है न्यारी- अमरनाथ त्रिवेदी
कविता की महिमा है न्यारी, दिल को लगती बड़ी ही प्यारी। जो कोई इसमें खोना चाहे, मिलती खुशियाँ ढेरों सारी। कौन सी[...]
