दीप जलें जब द्वार पर, मिलता नवल प्रकाश। खुशियाँ अंतस् तब मिलीं, हुआ तिमिर का नाश।। दीप अवलि में सज[...]
Category: padyapankaj
Through Padyapankaj, Teachers Of Bihar give you the chance to read and understand the poems and padya of Hindi literature. In addition, you can appreciate different tastes of poetry, including veer, Prem, Raudra, Karuna, etc.
केवल प्रकाश है – एस.के.पूनमकेवल प्रकाश है – एस.के.पूनम
प्रिय दीप बनकर, हिया करे जगमग, शेष नहीं अब दंभ,केवल प्रकाश है। नित्य दीया जल कर, बिखरने लगी आभा, उज्जवल[...]
मानवता हीं धर्म है – नीतू रानीमानवता हीं धर्म है – नीतू रानी
मेरा मानवता हीं धर्म है यदि मानव ,मानव न बन सका तो मानव के लिए तब शर्म है मेरा मानवता[...]
नाम की महिमा – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’नाम की महिमा – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’
सूर – रसखान करें महिमा की गुण गान, छोड़ जग दिन रात, मीरा जपी राधे श्याम। नाम का सहारा ले[...]
आई दिवाली खुशियों वाली – विवेक कुमारआई दिवाली खुशियों वाली – विवेक कुमार
देखो पावन दिवस है आया, तन मन में उमंग है छाया, बच्चे बूढ़े या हो जवान, सबके जिव्हा एक ही[...]
दिवाली का त्यौहार – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’दिवाली का त्यौहार – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’
उत्साह उमंग संग दूधिया प्रकाश पर्व, साल भर बाद आता दीपावली का त्यौहार। आपस में सब मिल घरों की सफाई[...]
सादा भोजन -नीतू रानीसादा भोजन -नीतू रानी
खाना आलू,भात खाना न ज्यादा, ये होगा मोटापा को फायदा। तेल ,मसाला ज्यादा न खाना, पेट दर्द होकर होगा पाखाना।[...]
बच्चों का हुडदंग – जैनेन्द्र प्रसाद रविबच्चों का हुडदंग – जैनेन्द्र प्रसाद रवि
जब भी दीवाली आता, बच्चों को बहुत भाता, भाग दौड़ कर निज, घरों को सजाते हैं। साफ कर घर-वार रंगाई[...]
नारी सबपर हो भारी – -नीतू रानीनारी सबपर हो भारी – -नीतू रानी
विषय -कमजोर कहाँ हो तुम नारी। नारी कमजोर कहाँ हो तुम नारी, हर क्षेत्र में सबपर हो भारी। तेरे साथ[...]
इंसान की कीमत – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’इंसान की कीमत – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’
आदमी से कहीं ज्यादा पशु होता वफादार, मानव को त्याग हम, पालते हैं स्वान को। माता-पिता से भी ज्यादा करते[...]
