Category: sandeshparak

Sandeshparak poems are poems that are used to convey a message with feelings. Through poems, statements related to the country, the world, and society are transmitted to the people. Teachers of Bihar give an important message through the Sandeshparak of Padyapankaj.

Ram Kishor Pathak

राष्ट्रीय हिंदी दिवस – दोहेराष्ट्रीय हिंदी दिवस – दोहे

0 Comments 2:35 pm

राष्ट्रीय हिंदी दिवस – दोहे भाषा मधुरिम सरल सी, जन-मानस की चाह। रस अलंकार से युक्त है, रखती शब्द अथाह।।०१।।[...]

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Ram Kishor Pathak

हिंदी है अस्मिता हमारी -प्रदीप छंद गीत – राम किशोर पाठकहिंदी है अस्मिता हमारी -प्रदीप छंद गीत – राम किशोर पाठक

0 Comments 10:32 pm

हिंदी है अस्मिता हमारी -प्रदीप छंद गीत मन के भावों को करती जो, सरल सहज गुणगान है। हिंदी है अस्मिता[...]

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Ram Kishor Pathak

हुई उत्पत्ति है हिंदी की – गीत – राम किशोर पाठकहुई उत्पत्ति है हिंदी की – गीत – राम किशोर पाठक

0 Comments 3:37 pm

हुई उत्पत्ति है हिंदी की – गीत शौरसेनी अपभ्रंश जिसे, अपनी तनुजा माने। हुई उत्पत्ति है हिंदी की, सुरवाणी से[...]

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हिंदी भाषा का महत्त्व – अमरनाथ त्रिवेदीहिंदी भाषा का महत्त्व – अमरनाथ त्रिवेदी

0 Comments 10:31 pm

हिंदी भाषा जितनी सबल है , उतनी न  अन्य कोई  भाषा । यह जीवन  के  सुनहरे  पट पर , जीवन[...]

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पितृपक्ष – नीतू रानीपितृपक्ष – नीतू रानी

0 Comments 6:44 pm

माता-पिता की न सेवा किया  न दिया उनको कभी सम्मान, कुछ नहीं होगा जाकर गया  उनके लिए देने से पिंडदान।[...]

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कौन? रत्ना प्रियाकौन? रत्ना प्रिया

0 Comments 8:52 am

नित्य कर्म करती है प्रकृति पर,रहती है शाश्वत मौन,कई प्रश्न उठते हैं मन में,इसका उत्तर देगा कौन ? नित्य समय[...]

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RAM BABU RAM

एक पौधा लगाऊंगा – राम बाबू रामएक पौधा लगाऊंगा – राम बाबू राम

0 Comments 11:21 pm

एक पौधा लगाऊंगा   एक पौधा लगाऊंगा, उसमें रोज पानी डालूंगा। जंगल-झाड़ काटकर, साफ-सुथरा रखूंगा, जब पौधा बड़ा हो जाए,[...]

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बिंदु अग्रवाल

शराब कभी न पिएंगे – बिंदु अग्रवालशराब कभी न पिएंगे – बिंदु अग्रवाल

0 Comments 11:03 pm

शराब कभी न पिएंगे   आज अचानक मन में एक खयाल आया.. गम को कम कैसे करें यह सवाल आया..[...]

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Ram Kishor Pathak

हिंदी: सुर वाणी की जाया- राम किशोर पाठकहिंदी: सुर वाणी की जाया- राम किशोर पाठक

0 Comments 10:47 pm

हिंदी, सुर वाणी की जाया- किशोर छंद सुर वाणी की जाया कहिए, हिंदी को। भूल रहे सब क्यों है गहिए,[...]

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स्कूल कितना जरूरी है!स्कूल कितना जरूरी है!

0 Comments 9:56 pm

शीर्षक – स्कूल कितना जरूरी है!   यह स्वतंत्र हंसी ये आंखों की चमक बता रही है कि.. लड़कियों के[...]

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