जीवन भर संघर्ष था, पर न रुका विचार। हर पीड़ित के हित रहा, निज मन का सुविचार॥ शोषण की दीवार को, तोड़ा सत्य-विचार। सत्ता-मंचों से कहा,”बस चाहूँ उच्च विचार॥” काया…
Category: Uncategorized
बैशाखी का पर्व है: विधा: मनहरण घनाक्षरी– रामकिशोर पाठक
कहते मेष संक्रांति, है विषुवत संक्रांति, फसल कटाई शांति, बैशाखी का पर्व है। सूर्य का मेष प्रवेश, पंज प्यारे धर वेश, हरिद्वार ऋषिकेश, मेला पर गर्व है। पुथण्डु बोहाग बिहू,…
महावीर – रामकिशोर पाठक
छह सौ साल ईसा पूर्व का, वैशाली शुभ धाम। कुण्डग्राम में जन्म हुआ, बर्धमान था नाम।। थी चैत्र शुक्ल की त्रयोदशी,क्षत्रिय सिद्धार्थ द्वार। त्रिशला का पावन गर्भ हुआ, महावीर अवतार।।…
महावीर का पावन प्रकाश- सुरेश कुमार गौरव
चमका जैन धरा पर तारा, वीर स्वराज पुकार, अहिंसा का मंत्र सुनाया, बना जगत आधार। त्याग, तपस्या, संयम-शक्ति, जिनका रहा प्रबोध, महावीर ने खोल दिए, आत्मा के सब बोध। राजमहल…
मधुमास का यह प्यार है – अमरनाथ त्रिवेदी
प्रकृति के अनंत गोद में, छाई ऐसी बहार है। मानों जीवंत हो निर्जीव भी, ऐसा मधुमास का यह प्यार है। अनन्तता के बोध में, यह जीवंतता की शान है। मधुमास है…
प्रियवर तब रामायण पढ़ना- संजय कुमार
प्रियवर तब रामायण पढ़ना प्रियवर तुम रामायण पढ़ना दुःख मन को जब व्याकुल करे और राह अंधकार चहुँओर दिखे संबंधों के अनुबंधों में जब आएँ धुंध काले बादल के प्रियवर…
राम नाम है शीर्ष जगत में – अमरनाथ त्रिवेदी
राम नाम है शीर्ष जगत में, यह खुशियों का आगार है। भज ले रे मन मीत मेरे, बिन इसके सब बेकार है। चाहते हैं कुछ अच्छा करना राम नाम पहले…
वसंत की पुकार – अमरनाथ त्रिवेदी
वसंत की खुशबू फिजा में, तैर रही नित शान से। जवाँ दिल बढ़ें चलें, रुकें न अग्नि बाण से। न आदि है न अंत है, वसंत ही वसंत है। पसरी…
हमारे जमाने की ईद- संजय कुमार
बहुत याद आती है ईदें पुरानी नानी और दादी के किस्से कहानी हिन्दू न हम थे न मुसलमान मीनू वो खुशियाँ व मस्ती, सबकी थी साझी मुहल्ले के मस्जिद और…
नव दुर्गा का दिव्य संदेश – सुरेश कुमार गौरव
“शैलपुत्री” का पहला वंदन-धैर्य संकल्प का दीप जलाओ, अडिग रहो, हिमगिरि सम दृढ़, सच्चे पथ पर कदम बढ़ाओ। “ब्रह्मचारिणी” का सन्देश- साधना से अपनी राह बनाओ, धैर्य, संयम, तप की…