ram किशोर

देव दिवाली मनाएँ आज- रामकिशोर पाठकदेव दिवाली मनाएँ आज- रामकिशोर पाठक

0 Comments 7:16 pm

  सदियों से आ रही रिवाज, कार्तिक की पूर्णिमा है आज। सुबह-सुवेरे गंगा में जाकर, कर आते स्नान हैं आज।[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Ruchika

बच्चों जीवन को सादगी से अपनाना- रुचिकाबच्चों जीवन को सादगी से अपनाना- रुचिका

0 Comments 9:56 am

  बच्चों तुम अपनी शरारतें बचा लेना, छोटी-छोटी बातों पर रूठना फिर पल में मान जाना और दिल खोल मुस्कुरा[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Amarnath Trivedi

भारत के चमकते नूर- अमरनाथ त्रिवेदीभारत के चमकते नूर- अमरनाथ त्रिवेदी

0 Comments 9:29 pm

चाचा नेहरू के जन्म दिन पर, हर वर्ष बाल दिवस मनाते हैं। उनके सपने को  हर शिक्षक, हर बच्चे  को [...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
ram किशोर

चाचा नेहरू – रामकिशोर पाठकचाचा नेहरू – रामकिशोर पाठक

0 Comments 9:14 pm

  उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में, किलकारी गूँजी आनंद भवन में। अठारह सौ नवासी का साल, चौदह नवंबर को जन्में[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Amarnath Trivedi

आओ गीत खुशी के गाएँ- अमरनाथ त्रिवेदीआओ गीत खुशी के गाएँ- अमरनाथ त्रिवेदी

0 Comments 6:18 am

चलो   झूम    के   नाचें   गाएँ , मिल जुलकर हम खुशी मनाएँ। हम  प्यारे  बच्चे   कितने अच्छे, जितने नील गगन के[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Amarnath Trivedi

लें सबक प्रदूषण से- अमरनाथ त्रिवेदीलें सबक प्रदूषण से- अमरनाथ त्रिवेदी

0 Comments 7:35 pm

मजा नहीं अब  सजा  मिलेगी, नित बढ़ते  प्रदूषण के  खतरे से। होश  में  आओ   हे   मानव, रोग फैल   रहा दूषित [...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Jainendra

छठी की महिमा जैनेन्द्र प्रसाद रविछठी की महिमा जैनेन्द्र प्रसाद रवि

0 Comments 10:31 pm

जिसने चाहा वह फल पाया हर सपना होता साकार है। करते हैं हम सूरज उपासना अति पावन छठ त्यौहार है।।[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Ratna Priya

छठ- महिमा – रत्ना प्रियाछठ- महिमा – रत्ना प्रिया

0 Comments 10:07 pm

सुर संस्कृत में छठ-महिमा, सब मुक्त कंठ से गाते हैं। तब सविता के प्रखर प्राण को, आत्मसात् कर पाते हैं।।[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Amarnath Trivedi

छठ पर्व की महिमा – अमरनाथ त्रिवेदीछठ पर्व की महिमा – अमरनाथ त्रिवेदी

0 Comments 9:57 pm

छठ पर्व की महिमा अति न्यारी, चार दिनों तक लगती है प्यारी। जीवन सकल धन्य कर देती। यह सर्व दुर्गुणों[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
ram किशोर

छठ व्रत का विधान – रामकिशोर पाठकछठ व्रत का विधान – रामकिशोर पाठक

0 Comments 9:41 pm

  चार दिनों का यह अनुष्ठान आस्था का यह व्रत महान। करते इसको विधि विधान होता जिससे जन कल्याण।। प्रत्यक्ष[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें