*अलविदा_2025.* वर्ष के इस अंतिम पड़ाव पर,जब समय की पुरानी किताब का एक और अध्याय मुड़ रहा है,मैं हृदय की गहराइयों से सबके समक्ष नतमस्तक हूँ।जो शब्द अनजाने में काँटे-से…
क्या बदलाव लायेगा नया साल-विवेक कुमार
बीते को भुलाना, नए को अपनाना, जो खोया उसका रोना, पाए पर इतराना, अच्छाई से दोस्ती, बुराई से घबड़ाना, खट्टी मीठी यादों का बीता सफर सुहाना, यादों के झरोखों से…
भारत में शिक्षा घोटाला
भारत में शिक्षा घोटाला शिक्षा के पवित्र गलियारों में अब सम्मान बिकने लगा है। पहले शिक्षक के कानों में मीठे शब्द फुसफुसाए जाते हैं— “आप अद्भुत हैं, आप प्रेरणा हैं,…
रजिस्ट्रेशन के नाम पर सौदा? – ओम प्रकाश
रजिस्ट्रेशन के नाम पर सौदा? सम्मान के बदले भुगतान? पुरष्कार खरीद रहे हैं आप? कहाँ है आपका आत्मसम्मान? काग़ज़ी ट्रॉफियाँ, खरीदे गए मंच, मतलबी तारीफ़ों के साथ गुरु नहीं, ग्राहक…
भोर हुआ..रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’
बिंदु छंद 10 वर्ण।211 211 2 222**********************भोर हुआ अरु लाली छायी।पंकज नैनन है हर्षायी।।नाच रहे खग डाली-डाली।हाथ अथाह बजाए ताली।। मारुत पश्चिम से है आया।भाव सुवासित गाना गाया।।हर्षित हैं तरुओं…
मुझे मत मारो न पापा..अवनीश कुमार
मुझ प्यारी बिटिया के लिए लोरी बनाओ न पापा।धीमे सुरों में मुझे सुलाओ न पापा,अपनी बाहों में भरकर झूला झुलाओ न पापा।गुनगुन गुनगुन गुनगुनाओ न पापा ।गुनगुन गुनगुन गुनगुनाओ न…
सम्मान या सौदा..विनोद कुमार विमल
शिक्षा की देहरी पर दीप जले,आदर्शों में सपने पले।पर पावन उस प्रांगण में अबकुछ मौन-से मोल टँगे मिले।जिस मान का मूल चरित्र रहा,जिस गौरव की जड़ तप में थी—वह मान…
मुझे पढ़ाओ पापा..बिंदु अग्रवाल
मुझे आगे बढ़ाओ पापाहाँ मुझे पढ़ाओ पापा।न दो मुझे उंगली का सहारामुझे चलना सिखाओ पापा। किताबों का दो उपहार मुझे दहेज न तुम जमाओ पापा।मैं भी तो तुम्हारा हिस्सा हूँ…
जिंदगी का सच ..अमरनाथ त्रिवेदी
जिंदगी आज है कल नहीं मिलेगी ,दुनिया तो इसी तरह चलेगी ।बहकावे में न तू किसी के आना ,तभी तो बहारें खुशियाँ मिलेंगी । जमाने महफ़िल शोर है ज्यादा ,भूलो न कभी तुम अपना वादा ।जिंदगी भर तो जीना पड़ेगा , न बदलो कभी…
सर्दी का असर. .भावानंद सिंह
—- धनाक्षरी छंद ————————-शीत का असर देखो,सब पे बराबर है,बिछावन पर दुबके, ओढ़े कम्बल है। सर्द हवा चल रही,ठिठुर रहा तन है,हो रहा बचाव उनका,जो सबल है। दिन दीनों के…