धैर्य – शक्ति छंद मात्रिक गीत
हमें आप इतना बता दीजिए।
कहाँ धैर्य खोया पता कीजिए।।
हमें भी जरा सा पता तो चले।
किया क्या खता मैं हुआ क्यों गिले।।
नहीं इस तरह से मजा लीजिए।
कहाँ धैर्य खोया पता कीजिए।।०१।।
बसंती हवा भी चली है अभी।
रहे प्रेम में संग भी हम कभी।।
उन्हें याद करिए नहीं खीजिए।
कहाँ धैर्य खोया पता कीजिए।।०२।।
कहूँ क्या भला क्यों भ्रमित हो रहें।
भुलाया किया सब नहीं कुछ कहें।।
जरा धैर्य रख रोष को पीजिए।
कहाँ धैर्य खोया पता कीजिए।।०३।।
गीतकार:- राम किशोर पाठक
प्रधान शिक्षक
प्राथमिक विद्यालय कालीगंज उत्तर टोला, बिहटा, पटना, बिहार।
संपर्क – 9835232978
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