माँ और मायका – नीतू रानी

Nitu Rani

माँ से मायका
पिता से सम्मान,
ये दोनों के नहीं रहने से
अपमान हीं अपमान।

माँ है तो मायके के लोग
रखते ख्याल,
माँ के सामने किसी की न
ग़लती है दाल।

माँ है तो मायके
दुल्हन सी सजी है,
माता -पिता से
परिवार सुखी है।

मायके का माँ हीं
रखती सदा ख्याल,
माँ नहीं तो बच्चे का
जिंदगी बेकार।

पिता से ऊँचा है
माँ का दर्जा,
पिता ने दी हिम्मत
माता सिखाई लज्या।

माँ से संस्कार
पिता से परिवार,
तभी सुखी रहें
पूरे परिवार।

माँ हीं मायका
माँ हीं पालनहार,
माँ नहीं तो

जिंदगी बेकार।

नीतू रानी
स्कूल -म०वि०सुरीगाँव
प्रखंड -बायसी
जिला -पूर्णियाँ बिहार।

0 Likes
Spread the love

Leave a Reply