Day: May 2, 2023

Jaykrishna

मैं तैयार हूं -जयकृष्णा पासवानमैं तैयार हूं -जयकृष्णा पासवान

0 Comments 7:33 pm

कितने ज़ख्म सहे हैं हमने, छांव छोड़कर धूप खाये है हमने। “अपमान की आग से ” झुलसा है बदन मेरा।।[...]

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Jainendra

सुहाना मौसम- जैनेन्द्र प्रसाद रवि’सुहाना मौसम- जैनेन्द्र प्रसाद रवि’

0 Comments 7:30 pm

मनहरण घनाक्षरी छंद ठंडी-ठंडी हवा चली, मुरझाई कली खिली, देखो नीला आसमान, काला घन चमके। कोयल की सुन शोर, छाई[...]

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