Category: बाल कविता

RAMPAL SINGH ANJAN

नन्हे फूल-रामपाल प्र०सिंह अनजाननन्हे फूल-रामपाल प्र०सिंह अनजान

0 Comments 5:59 pm

विद्यालय के बाग बगीचे।आओ हम सब मिलकर सींचे। मुन्नी-मुन्ना कोमल प्यारे।आँगनबाड़ी के हैं सारे।। इनको कक्षा में ले जाओ।ज्येष्ठ तुम्हीं[...]

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सत्यनारायण सिंह

प्रकृति प्रहरी- सत्य नारायण सिंहप्रकृति प्रहरी- सत्य नारायण सिंह

0 Comments 6:00 am

मिट्टी से भी यारी रख, दिल से दिलदारी रख चोट न पहुंचे बातों से, इतनी समझदारी रख पहचान हो तेरी[...]

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Ram Kishore Pathak

फाग क्या होती अम्मा बोल-राम किशोर पाठकफाग क्या होती अम्मा बोल-राम किशोर पाठक

0 Comments 11:02 pm

बजाते हैं सब देखो ढोल। फाग क्या होती अम्मा बोल।। सभी जो करते हैं हुड़दंग। तभी तो जो जाता हूँ[...]

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*चलें स्कूल**चलें स्कूल*

0 Comments 8:59 pm

चलें स्कूल   हम हैं सृजन के फूल, चलें स्कूल। चलें स्कूल, चलें स्कूल।।   बच्चे हैं हम, सृजन के[...]

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Manu Raman Chetna

अभी खेलने के दिन अपने-मनु कुमारीअभी खेलने के दिन अपने-मनु कुमारी

0 Comments 1:16 pm

जी भरकर अभी खेल न पाई सखियों के संग मैया, मेरे ब्याहन की खातिर क्यों बेच रही तू गैया। अपने[...]

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