हो रहा अत्याचार है, हम लाचार हैं। मन हो रहा दुखी क्योकि आज हम बीमार हैं न भोजन भावे,न नींद[...]
Day: March 28, 2024
रंगोली होली – सुरेश कुमार गौरवरंगोली होली – सुरेश कुमार गौरव
आसियाने रंगे जाए तो जगमग मनती दीपावली.. जब सब रंग से हो जाए सराबोर तो खिलती होली, घर में ‘दीपक’[...]
बंधन – सुरेश कुमार गौरवबंधन – सुरेश कुमार गौरव
जीवन एक विश्वास रुपी है अनोखा बंधन, रक्त के तो कहीं बिना रक्त के कहलाते बंधन, हर्ष-विषाद,खट्टी-मीठी और अनोखी यादों[...]
बाली रे उमरिया – जैनेन्द्र प्रसाद रविबाली रे उमरिया – जैनेन्द्र प्रसाद रवि
प्रभाती पुष्प मनहरण घनाक्षरी छंद बाली रे उमरिया 🌹🌹🙏🙏🌹🌹 एक दिन राधा रानी भरने को गई पानी, भूल बस चली[...]
