Category: दिवस

Jainendra

माता की आराधना – जैनेन्द्र प्रसाद ‘रवि’माता की आराधना – जैनेन्द्र प्रसाद ‘रवि’

0 Comments 9:32 am

दुर्गा मांँ के मंदिर में, जलता अखंड ज्योति, आओ सब मिल करें, माता की आराधना। नैवेद्य कर्पूर धूप, चंदन अक्षत[...]

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मेरी बेटियां -डॉ स्नेहलता द्विवेदी आर्यामेरी बेटियां -डॉ स्नेहलता द्विवेदी आर्या

0 Comments 2:51 pm

मेरी बेटियां मेरी बेटियां! मेरी प्रतिरूप, मैं बसती हूं उनमें, अंतस्त बिल्कुल अंदर, आद्यो पांत सर्वांग, प्राण वायु की तरह।[...]

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Ram Kishor Pathak

भवानी आ गयी है – राम किशोर पाठकभवानी आ गयी है – राम किशोर पाठक

0 Comments 10:14 pm

भवानी आ गयी है, घर हमारे। खुशी अब छा रही है, जग निहारे।। किया वंदन उन्हें सब, चरण धोएँ। अलौकिक[...]

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जय स्कंदमाता -डॉ स्नेहलता द्विवेदीजय स्कंदमाता -डॉ स्नेहलता द्विवेदी

0 Comments 3:08 pm

जय स्कंदमाता ममतामयी माँ ममतामयी तू है जगदम्बा, तू कार्तिकेय सुत जननी है। ताड़कासुर बध संकल्प लिये, माँ तू संतन[...]

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Ram Kishor Pathak

जीवित्पुत्रिका व्रतजीवित्पुत्रिका व्रत

0 Comments 2:38 pm

जीवित्पुत्रिका व्रत माता निर्जल व्रत करे, सुखी रहे संतान। महाकाल को पूजती, जो लेते संज्ञान।। एक दिवस उपवास का, कोटि[...]

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Ram Kishor Pathak

राष्ट्रीय हिंदी दिवस – दोहेराष्ट्रीय हिंदी दिवस – दोहे

0 Comments 2:35 pm

राष्ट्रीय हिंदी दिवस – दोहे भाषा मधुरिम सरल सी, जन-मानस की चाह। रस अलंकार से युक्त है, रखती शब्द अथाह।।०१।।[...]

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Ram Kishor Pathak

हिंदी है अस्मिता हमारी -प्रदीप छंद गीत – राम किशोर पाठकहिंदी है अस्मिता हमारी -प्रदीप छंद गीत – राम किशोर पाठक

0 Comments 10:32 pm

हिंदी है अस्मिता हमारी -प्रदीप छंद गीत मन के भावों को करती जो, सरल सहज गुणगान है। हिंदी है अस्मिता[...]

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जीवित्पुत्रिका व्रत -रुचिकाजीवित्पुत्रिका व्रत -रुचिका

0 Comments 10:10 pm

जीवित्पुत्रिका व्रत सन्तान के सुख की कामना कर कर रही है माँ साधना चौबीस घण्टे का निर्जला उपवास कर कर[...]

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Ram Kishor Pathak

हुई उत्पत्ति है हिंदी की – गीत – राम किशोर पाठकहुई उत्पत्ति है हिंदी की – गीत – राम किशोर पाठक

0 Comments 3:37 pm

हुई उत्पत्ति है हिंदी की – गीत शौरसेनी अपभ्रंश जिसे, अपनी तनुजा माने। हुई उत्पत्ति है हिंदी की, सुरवाणी से[...]

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