तीन रंगों में बंधा हुआ, भारत माँ का स्वाभिमान है। केसरिया बलिदान कहे, श्वेत शांति की पहचान है। हरित रंग में जीवन बहता, आशा का मधुर संदेश लिए, अशोक चक्र…
Category: sandeshparak
Sandeshparak poems are poems that are used to convey a message with feelings. Through poems, statements related to the country, the world, and society are transmitted to the people. Teachers of Bihar give an important message through the Sandeshparak of Padyapankaj.
हमारा देश बना गणतंत्र -ब्यूटी कुमारी
राष्ट्र यज्ञ में आहुति देने आया हूं, मां भारती का भाल सजाने आया हूं, तिरंगा झंडा लहराने आया हूं। देश हमारा था परतंत्र, नहीं चला गोरों का षड्यंत्र, यातना सह…
जन गण मन-रूचिका
जन गण मन जयगान है, सर्वधर्म समभाव गणतंत्र की पहचान है। एक राष्ट्र,एक ध्वज एक ही संविधान है। देश के लिए हर मन में रहे सम्मान है। अधिकार और कर्तव्य…
गणतंत्र हमारी पहचान है-आशीष अम्बर
गणतंत्र हमारी पहचान है, भारत देश हमारा महान है । गौतम , गाँधी की धरती पे , भारत की शान , पूरी जहान है । गणतंत्र हमारी पहचान है, जिसका…
गणतंत्र दिवस-मुन्नी कुमारी
छब्बीस जनवरी का दिन है सुहाना, गणतंत्र हुआ है देश अपना । संविधान का मान बनाए रखना, अधिकार अपना जताए रखना। यह केवल पर्व नहीं, इतिहास की पुकार है, गणतंत्र…
राष्ट्रीय मतदाता दिवस-मनु कुमारी
आज मत का महापर्व आया, जन-जन में जागा स्वाभिमान, हर हाथ में लोकतंत्र की शक्ति, हर मत में बसता हिंदुस्तान। मत की शक्ति अमर रहे, जनता का यह अधिकार, एक…
जय बोलो भारत माता की-राम किशोर पाठक
सुरभित सत्ता को अपनाएँ, मान इसे चित अंत्र। जय बोलो भारत माता की, आया शुभ गणतंत्र।। संविधान है अपना प्यारा, बना बहुत विस्तार। नियम सभी है इसमें वर्णित, शासन का…
टीचर्स ऑफ बिहार-मधु कुमारी
एक नाम नहीं ये है हमारा सम्मान जिससे मिली पहचान जो देता एक पैगाम हमारे आत्मसम्मान के नाम……. एक ऐसा आन्दोलन जिसने काले अक्षरों को भी खूबसूरत और रंगीन बना…
टीओबी वर्षगांठ-नीतू रानी
हे बहिना छीयै टीओबी के सातवाँ वर्षगांठ हे, गेबै मंगलगान हे ना। देबै सगरे नोत हकार घर -घर स्थापना दिवस केअ करबै प्रचार, हे बहिना दीप प्रज्ज्वलित कैर मनेबै सातवाँ…
नारी तू अबला नहीं
नारी तू अबला नहीं नारी नहीं तू अबला है तू ही तो सबला है। बिन तेरे सब सूना है, सबकुछ तूने गूना है। रही नहीं तू चाकरी,…