मंजिल पथ की बाधाओं से डरकर दुख की झंझाओं से थककर हे पथिक ![...]
Category: sandeshparak
Sandeshparak poems are poems that are used to convey a message with feelings. Through poems, statements related to the country, the world, and society are transmitted to the people. Teachers of Bihar give an important message through the Sandeshparak of Padyapankaj.
उंगलियां अब व्हाट्सएप चला रही हैं-सैयद जाबिर हुसैनउंगलियां अब व्हाट्सएप चला रही हैं-सैयद जाबिर हुसैन
उंगलियां अब व्हाट्सएप चला रही हैं यह सजा है कि मजा है, ये खुद को भी नही समझ पा रही[...]
दोहावली-विनय कुमार ‘ओज’दोहावली-विनय कुमार ‘ओज’
दोहावली ज्ञान और अनुभव बिना, लगे कठिन सब काज। मेहनत वो बेकार सा, नहीं अगर ये साज़।१। शिखर सफलता के[...]
School on mobile से फर्क पड़ता है-धीरज कुमारSchool on mobile से फर्क पड़ता है-धीरज कुमार
School on mobile से फर्क पड़ता है जरा सोचिए जब कुछ अच्छा हम करते है तो उसका जीवन पर फर्क[...]
सोचो कैसे बच पाओगे-विजय सिंह नीलकण्ठसोचो कैसे बच पाओगे-विजय सिंह नीलकण्ठ
सोचो कैसे बच पाओगे हर ओर गंदगी फैली है पर्यावरण हो गई मैली है क्या करेगा पौधा बेचारा गंदगी देख[...]
सरिता-मनु कुमारीसरिता-मनु कुमारी
सरिता सरिता ! हां, मैं हूँ सरिता! मैं हीं हूँ तनूजा ! परोपकार की जीती जागती मूर्ति, अपने लिए कुछ[...]
साईकिल-एम० एस० हुसैन “कैमूरी”साईकिल-एम० एस० हुसैन “कैमूरी”
साईकिल बहुत अच्छा लगता है प्यारे करके देखो साइकिल की सवारी यह क्या है एक अच्छा व्यायाम इससे तो दूर[...]
उम्मीदों का आकाश कभी झुकता नहीं-ब्रह्मकुमारी मधुमिताउम्मीदों का आकाश कभी झुकता नहीं-ब्रह्मकुमारी मधुमिता
उम्मीदों का आकाश कभी झुकता नहीं हौसले की उड़ान भर तू राही, कभी थमना नहीं… चलता चल जीवन पथ[...]
नशा मुक्ति अभियान-जैनेन्द्र प्रसाद रविनशा मुक्ति अभियान-जैनेन्द्र प्रसाद रवि
नशा मुक्ति अभियान अब तो नशा छोड़ो भाई, क्यों जीवन बिताए बेकार में? समाज भी तिरस्कार करेगा, नहीं होगी शांति[...]
पालनहारा-संगीता कुमारी सिंहपालनहारा-संगीता कुमारी सिंह
पालनहारा धरती मॉ का हरियाला आंचल है वृक्ष, प्रकृति का श्रृंगार प्राणी का पालनहारा है वृक्ष। सांंसो के चक्र में,[...]
