परिवर्तन है जीवन तो परिवर्तन होगा, आज नहीं तो कल होगा। कभी तंग तो कभी सुखद होगा, थोड़ी खुशी[...]
Category: Shakshanik
विपरीतार्थक शब्द-सुधीर कुमारविपरीतार्थक शब्द-सुधीर कुमार
विपरीतार्थक शब्द आओ बच्चों तुम्हें सिखाता, हूं मैं आज कुछ उल्टा शब्द। विपरीतार्थक को विलोम भी कहते उल्टे अर्थ देते[...]
बस महफ़ूज रहना-अमृता सिंहबस महफ़ूज रहना-अमृता सिंह
बस महफ़ूज रहना हम सारी चढ़ाइयाँ चढ़ लेंगे हम सारी लड़ाइयां लड़ लेंगे हम लिख लेंगे फिर से इतिहास मेरे[...]
जीवन के आयाम-प्रीति कुमारीजीवन के आयाम-प्रीति कुमारी
जीवन के आयाम सुबह हुई अब आँखें खोलो, बिस्तर छोड़ो, मुहँ हाथ धोलो। नित्य क्रिया से निबट जाओ तुम, पढाई-लिखाई[...]
हंस किसका-सुधीर कुमार हंस किसका-सुधीर कुमार
हंस किसका बड़ी सुहानी सुबह थी उस दिन, खिले हुए थे फूल वहां। शीतल मन्द पवन थी बहती, थे घूम[...]
स्कूल जाने की तैयारी-संयुक्ता कुमारीस्कूल जाने की तैयारी-संयुक्ता कुमारी
स्कूल जाने की तैयारी मम्मी पापा सुनें बात हमारी। कर ली हमने स्कूल जाने की तैयारी।। पांचवा जन्मदिन मना ली[...]
विलोम शब्द-नीभा सिंहविलोम शब्द-नीभा सिंह
विलोम शब्द आओ चुन्नू , मुन्नू, सोम, हम सब मिलकर सीखे विलोम। किसी शब्द का उल्टा अर्थ, वही कहलाता विलोम[...]
अनंत अंतरिक्ष की कल्पना-अपराजिता कुमारीअनंत अंतरिक्ष की कल्पना-अपराजिता कुमारी
अनंत अंतरिक्ष की कल्पना अंतरिक्ष की परी ‘कल्पना’ करोड़ों बेटियों की प्रेरणा सपनों को जीना सिखा गईं, कल्पना। अनंत अंतरिक्ष[...]
नभ के ये नन्हें तारे-कुमारी अनु साहनभ के ये नन्हें तारे-कुमारी अनु साह
नभ के ये नन्हें तारे नभ के ये नन्हें तारे मोतियों के जैसे प्यारे। होता नहीं अलगाव इनमें रहते बनाकर[...]
प्रदूषण और उसके प्रकार-सुधीर कुमारप्रदूषण और उसके प्रकार-सुधीर कुमार
प्रदूषण और उसके प्रकार उपयोग लायक न रह जाता न मानव का आ सकता काम। किसी चीज के गंदे होने[...]
