शब्द भेद की सार्थकता शब्द में कितनी शक्ति छिपी है , हम इस बात को जरा जानें[...]
शब्द भेद को जानें – राम किशोर पाठकशब्द भेद को जानें – राम किशोर पाठक
शब्द-भेद को जानें देववाणी सुता है हिंदी। भारत माता की है बिंदी।। आओ इसका रूप निहारे। बहती जिसमें भाव हमारे।।[...]
शब्द भेद की व्यापकता – अमरनाथ त्रिवेदीशब्द भेद की व्यापकता – अमरनाथ त्रिवेदी
शब्द भेद की व्यापकता अक्षर- अक्षर से बनते शब्द , मैं उस शब्द के भेद बताने आया हूँ । उस[...]
शब्दों के हैं रूप निराले – चौपाई छंद – राम किशोर पाठकशब्दों के हैं रूप निराले – चौपाई छंद – राम किशोर पाठक
शब्दों के हैं रूप निराले – चौपाई छंद यूँ जो ध्वनियाँ बोली जाती। भावों को अपने बतलाती।। वर्णों से जो[...]
पुस्तक है हम सबका साथी- अमरनाथ त्रिवेदीपुस्तक है हम सबका साथी- अमरनाथ त्रिवेदी
पुस्तक है हम सबका साथी पुस्तक है हम सबका साथी , ज्ञान विज्ञान की है यह बाती । नया सवेरा[...]
मौसम गर्मी वाला आया-चौपाई छंद – राम किशोर पाठकमौसम गर्मी वाला आया-चौपाई छंद – राम किशोर पाठक
मौसम गर्मी वाला आया- चौपाई छंद – बाल कविता बिटिया रानी सुनो कहानी। दुनिया करती है नादानी।। कभी न करना[...]
उमड़- घुमड़ कर बरसो बादल – अमरनाथ त्रिवेदीउमड़- घुमड़ कर बरसो बादल – अमरनाथ त्रिवेदी
उमड़- घुमड़ कर बरसो बादल केवल बादल नहीं बरसात भी हो , प्रचंड गर्मी पर आघात भी हो । कुछ [...]
कोयल – स्नेहलता द्विवेदी ‘आर्या’कोयल – स्नेहलता द्विवेदी ‘आर्या’
कोयल कोयल भोली भाली है, बोली बहुत निराली है। श्याम सलोनी प्यारी है, धुन तेरी मतवाली है। तेरी बोली सुनने[...]
गर्मी छुट्टी मना रही हूॅं – रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान ‘गर्मी छुट्टी मना रही हूॅं – रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान ‘
गर्मी छुट्टी मना रही हूॅं। इतनी है आसान पढ़ाई, कर लो माते बड़ी भलाई, संग ककहरा आकर सीखो, सीखी नहीं[...]
गौ माता को हम-सब जानें – राम किशोर पाठकगौ माता को हम-सब जानें – राम किशोर पाठक
गौ माता को हम-सब जानें – बाल कविता दुग्ध, क्षीर, पय, गोरस लाना। स्तन्य, पीयूष, दोहज जाना।। सुधा, सोम हीं[...]
