Suresh kumar gaurav

टीओबी बना शैक्षिक व बौद्धिक विचारों के दूत- सुरेश कुमार गौरवटीओबी बना शैक्षिक व बौद्धिक विचारों के दूत- सुरेश कुमार गौरव

0 Comments 9:02 pm

अनुभव को अपनी अभिव्यक्ति पर पूरा गर्व का यह अवसर है भाषा-शब्द और भावों के मेल से कुछ कहने का[...]

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Suresh kumar gaurav

जीवन एक कर्म बंधन- सुरेश कुमार गौरवजीवन एक कर्म बंधन- सुरेश कुमार गौरव

0 Comments 8:59 pm

जीवन एक विश्वास रुपी है अनोखा बंधन, रक्त के तो कहीं बिना रक्त के कहलाते बंधन, हर्ष-विषाद,खट्टी-मीठी और अनोखी यादों[...]

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Suresh kumar gaurav

सदा उपयोगी साईकिल- सुरेश कुमार गौरवसदा उपयोगी साईकिल- सुरेश कुमार गौरव

0 Comments 8:38 pm

साईकिल की सवारी अब भी है खूब बड़ी न्यारी, चुस्त दुरुस्त रखती, प्रदूषण रहित है बड़ी प्यारी। जब पहली बार[...]

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Jaykrishna

मिट्टी का खिलौना- जयकृष्णा पासवानमिट्टी का खिलौना- जयकृष्णा पासवान

0 Comments 8:24 pm

मैं मिट्टी हूं मगर एक आकार का प्यासा हूँ। कोमल हाथों से एक आकृति प्रदान कर दीजिए।। मैं इस उपकार[...]

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Suresh-kumar-gaurav

सोन चिरैया गौरैया – सुरेश कुमार गौरवसोन चिरैया गौरैया – सुरेश कुमार गौरव

0 Comments 7:16 pm

वर्तमान में पक्षी जगत की गौरैया अब विलुप्ति के कगार पर है। कहां चली गई कभी मेरे घर की मुंडेर[...]

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Suresh-kumar-gaurav

नवांकुर पौधा- सुरेश कुमार गौरवनवांकुर पौधा- सुरेश कुमार गौरव

0 Comments 7:12 pm

नवांकुर पौधा इसके उपर रंग-बिरंगे सुंदर फूल खिले, बैठे खगों के सुंदर मीठे स्वर वातावरण में मिश्री घोले। कोंपल से[...]

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Jainendra

मौसम- जैनेन्द्र प्रसाद रवि’मौसम- जैनेन्द्र प्रसाद रवि’

0 Comments 9:29 pm

मनहरण घनाक्षरी छंद रोज दिन पल-पल, मौसम बदल रहा, सेंकने को मन करे, बैठ खिली धूप को। जो रहेंगे सावधान,[...]

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Suresh-kumar-gaurav

अन्नदाता -सुरेश कुमार गौरवअन्नदाता -सुरेश कुमार गौरव

0 Comments 9:54 pm

भारतीय किसान जाड़ा,गर्मी,बरसात सभी मौसमों की मार झेलते हुए ,फसलों के नुक़सान का भी दर्द झेलते हुए सदा अन्नदाता के[...]

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suresh kumar gaurav

हवा में वासंतिक महक- सुरेश कुमार गौरवहवा में वासंतिक महक- सुरेश कुमार गौरव

0 Comments 7:56 pm

खिल उठते चहुंओर फूल, सुंदर महक पलाश के प्रकृति ने फगुई फाल्गुन को,खूब लाया तलाश के। प्रेम यौवन का मधुमास,[...]

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