बोलता समय- दोहा छंद गीत शोर शराबा तो सदा, खौलाता है रक्त।अधर जहाँ पर मौन हो, वहाँ बोलता वक्त।। अगर[...]
मौसम – राम किशोर पाठकमौसम – राम किशोर पाठक
मौसम – रास छंद गीत२२२२,२२२२,२११२ मौसम भाए, ऋतुपति आए, प्रीत गहे।खुशी मनाते, सब इठलाते, झूम रहे।। कुसुम खिले हैं, गंध[...]
अनुकरण से सीखना – मनु कुमारीअनुकरण से सीखना – मनु कुमारी
अनुकरण से सीखना बोलने से पहले बच्चे,आँखों से पढ़ना सीखते हैं।कहने से पहले दुनिया को,करके देखना सीखते हैं। जो देखा,[...]
जातिवाद तो कोढ़ है – राम किशोर पाठकजातिवाद तो कोढ़ है – राम किशोर पाठक
जातिवाद तो कोढ़ है- दोहा छंद गीत बना दिया शासन जिसे, लाइलाज सा रोग।जातिवाद तो कोढ़ है, कहते ज्ञानी लोग।।[...]
जब नव वर्ष की खुशी मिली – अमरनाथ त्रिवेदीजब नव वर्ष की खुशी मिली – अमरनाथ त्रिवेदी
ज़ब नव वर्ष की खुशी मिली,बढे चलो बढे चलो ।वैर हो कुपंथ से ,कुमार्ग से बचे चलो । तेजस्वी की शान हो,मनस्वी की संतान हो ।सुमार्ग में[...]
ऋतुओं का स्कूल – आशीष अंबरऋतुओं का स्कूल – आशीष अंबर
पोस्टमैन है सूरज चाचा,डाक सुबह की लाता है ।द्वारा – द्वार किरणों की पाती ,ठीक समय पहुँचाता है । चुन[...]
श्रम की महिमा – आशीष अंबरश्रम की महिमा – आशीष अंबर
श्रम से हर मंजिल होती आसान,श्रम से ही तो मानव बनें महान । श्रम से जो भी है नाता रखता,जीवन[...]
दोहे -रामकिशोर पाठकदोहे -रामकिशोर पाठक
दोहे हर्षित होकर आज हम, मना रहे गणतंत्र। भाई जैसा प्रेम हो, जन-गण-मन का मंत्र।। भारत माँ के शान में,[...]
तिरंगा हमारी शान है -नीतू रानीतिरंगा हमारी शान है -नीतू रानी
शीर्षक- तिरंगा हमारी शान है। दिन -सोमवार तीन रंग का मेरा झंडा कितना सुन्दर प्यारा है, इसको वीर सपूतों ने[...]
गणतंत्र दिवस –डॉ स्नेहलता द्विवेदीगणतंत्र दिवस –डॉ स्नेहलता द्विवेदी
गणतंत्र की जय । गणतंत्र में हो आस्था , सुदृढ़ हो व्यवस्था। नियमों में हो दृढ़ता , गणतंत्र की जय[...]
