Category: padyapankaj

Through Padyapankaj, Teachers Of Bihar give you the chance to read and understand the poems and padya of Hindi literature. In addition, you can appreciate different tastes of poetry, including veer, Prem, Raudra, Karuna, etc.

Manu Raman Chetna

सीतासोहर- मनु रमण “चेतना”सीतासोहर- मनु रमण “चेतना”

0 Comments 12:34 pm

सुन्दर सुभग मिथिला धाम से, पावन पवित्र भूमि रे। ललना रे जहां बसु राज विदेह, प्रजा प्रतिपालक रे। चकमक मिथिलाक[...]

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Nidhi

हाय हाय ये सरकार – निधि चौधरीहाय हाय ये सरकार – निधि चौधरी

0 Comments 7:30 am

जातिगत गणना के….. .. सुन ल बयार हे.. ….. घर घर गइनी, आदमी गिननी, बीबी गिननी, बुतरू गिननी, गिननी मोटर[...]

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Devkant

मनहरण घनाक्षरी – देव कांत मिश्र ‘दिव्य’मनहरण घनाक्षरी – देव कांत मिश्र ‘दिव्य’

0 Comments 7:28 am

शाक्य वंश जन्म लिए, सत्य धर्म भाव किए, तथागत बुद्ध हुए, कृतियाँ महान हैं। राजपाट त्याग कर, मूल कर्म झोली[...]

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Nitu Rani

मेहनत भेल हमर बेकार- नीतू रानीमेहनत भेल हमर बेकार- नीतू रानी

0 Comments 7:25 am

मेहनत भेल हमर बेकार, ठंडी,गर्मी में खटबेलक बिहार सरकार मेहनत भेल——–2। ठंडी में केलौं हम जाति गणना भेलौं हम बीमार,[...]

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Jainendra

बारिश- जैनेन्द्र प्रसाद रविबारिश- जैनेन्द्र प्रसाद रवि

0 Comments 9:07 am

छाई घटा घनघोर, जंगल में नाचे मोर, श्याम धन संग-संग, झूमे आसमान ये। बागों में बहार आई, तितली भी इठलाई,[...]

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Jaykrishna

मैं तैयार हूं -जयकृष्णा पासवानमैं तैयार हूं -जयकृष्णा पासवान

0 Comments 7:33 pm

कितने ज़ख्म सहे हैं हमने, छांव छोड़कर धूप खाये है हमने। “अपमान की आग से ” झुलसा है बदन मेरा।।[...]

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Jainendra

सुहाना मौसम- जैनेन्द्र प्रसाद रवि’सुहाना मौसम- जैनेन्द्र प्रसाद रवि’

0 Comments 7:30 pm

मनहरण घनाक्षरी छंद ठंडी-ठंडी हवा चली, मुरझाई कली खिली, देखो नीला आसमान, काला घन चमके। कोयल की सुन शोर, छाई[...]

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