गुरु हैं जग के सोपान-अश्मजा प्रियदर्शिनी

गुरु हैं जग के सोपान गुरुवर के सानिध्य में बनते हम महान न रहते नादान, देते आशिष बनाते सुल्तान गुरूवर देते हमें अनुपम सकल ज्ञान हमारी नादानी का करते निदान…

हाँ गर्व है मुझे-रानी कुमारी

हाँ गर्व है मुझे गर्व है यहाँ के मौसम पर पछुआ-पुरवाई हवाओं पर पर्वत-पहाड़ों, मरुभूमि-मैदानों पर नदी, तालाब, सागर व झीलों पर। गर्व है घाटी के केसर और रेशमी धागों…

मैं प्रकृति हूँ- संदीप कुमार

मैं प्रकृति हूँ मैं प्रकृति हूँ! इंसान मैं तुझे क्या नहीं देती हूँ सबकुछ समर्पित करती हूँ तेरे लिए फिर भी तुम मेरे संग बुरा बर्ताव करते हो क्यों आखिर…