२२-२२-२२-२२
लिखनी एक कहानी होगी
लिखनी एक कहानी होगी।
जिसमें खास रवानी होगी।।
उसने आँचल है लहराई।
चढ़ती मस्त जवानी होगी।।
उसके गोरे गालों पर अब।
कुमकुम भी मस्तानी होगी।।
प्रीत हमारा बचपन का है।
उसको याद दिलानी होगी।।
काम बहुत सा शेष अभी है।
सबको ही निपटाना होगा।।
राग हवाओं ने है छेड़ा।
कहती तन महकाना होगा।।
सुंदर सुरभित फागुन आया।
सबको रंग लगाना होगा।।
शोखी नैनों में है देखो।
कदमों को समझाना होगा।।
रचनाकार:- राम किशोर पाठक
प्रधान शिक्षक
प्राथमिक विद्यालय कालीगंज उत्तर टोला, बिहटा, पटना, बिहार।
संपर्क – 9835232978

