बेटियाँ पिता की पगड़ी को सम्भालती, खुद को हर साँचे में है ढालती, बेटियाँ रब की रहमत है, न जाने[...]
Day: September 28, 2025
बेटी -प्रदीप छंद गीत – राम किशोर पाठकबेटी -प्रदीप छंद गीत – राम किशोर पाठक
बेटी- प्रदीप छंद गीत घर आँगन की शोभा बेटी, ईश्वर का वरदान है। जिस घर में रहती है बेटी, बढ़ता[...]
उपवन नवरात्र का- सार छंद- रामकिशोर पाठकउपवन नवरात्र का- सार छंद- रामकिशोर पाठक
उपवन नवरात्र का- सार छंद आज हमारा पुष्पित उपवन, देख चकित संसार। रंग बिरंगे फूलों से यह, शोभित है घर[...]
पुत्री दिवस- गिरिंद्र मोहन झापुत्री दिवस- गिरिंद्र मोहन झा
आज अन्तरराष्ट्रीय पुत्री दिवस पर प्रस्तुत मेरी एक कविता:पुत्री-दिवसधन्य वह गेह है, जहँ खिलखिलाती बेटियाँ,धन्य वह गेह है, जहाँ चहचहाती[...]
हे कात्यायनी मां -डॉ स्नेहलताहे कात्यायनी मां -डॉ स्नेहलता
हे कात्यायनी ऋषि कात्यायन की हे सुता, यह दर्प तुम्हारा अद्भुत है। यह रूप तुम्हारा अद्भुत है, सौंदर्य तुम्हारा अद्भुत[...]
मेरी बेटियां -डॉ स्नेहलता द्विवेदी आर्यामेरी बेटियां -डॉ स्नेहलता द्विवेदी आर्या
मेरी बेटियां मेरी बेटियां! मेरी प्रतिरूप, मैं बसती हूं उनमें, अंतस्त बिल्कुल अंदर, आद्यो पांत सर्वांग, प्राण वायु की तरह।[...]
रुठी क्यों दुखहरणी माता- बिंदु अग्रवालरुठी क्यों दुखहरणी माता- बिंदु अग्रवाल
रूठी क्यों दुखहरणी माता रूठी क्यों दुखहरणी माताकैसे मैं तुझे मानाऊँ?कैसी विकट प्रतीक्षा की हैकैसे मैं तुझे बताऊँ? न जानूँ[...]
त्वमेका शिवा- राम किशोर पाठकत्वमेका शिवा- राम किशोर पाठक
त्वमेका शिवा – स्त्रोत सदा शक्ति आलंब भक्तान माता, न जानामि योगं जपं नैव ज्ञाता।सदा कल्पनाशील तुभ्यम् भजेहं, नमो दिव्य[...]
किताब- आशीष अंबरकिताब- आशीष अंबर
सब चीजों से सबसे प्यारी,होती है किताब । उलझे – उलझे हर सवाल का,देती है जवाब । इसको पढ़कर बन[...]
