Day: November 2, 2025

Ram Kishore Pathak

जाति-वर्ण लोकतंत्र पर भारी – राम किशोर पाठक जाति-वर्ण लोकतंत्र पर भारी – राम किशोर पाठक 

0 Comments 10:19 pm

है लोकतंत्र की महिमा न्यारी। चलती जिससे संविधान प्यारी।। सबने बदली अब दुनियादारी। लूट रहे धन कहकर सरकारी।। लेकर सारे[...]

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सामा गीत -नीतू गीतसामा गीत -नीतू गीत

0 Comments 11:07 am

सामा गीत तर्ज -दुल्हिन धीरे-धीरे चलियौ ससुर गलिया— सामा खेलूँ हे बहिना भैया के अंगना सामा कौने भैया जेता काशी[...]

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निद्रा -बैकुंठ बिहारीनिद्रा -बैकुंठ बिहारी

0 Comments 10:54 am

निद्रा कभी वास्तविक कभी काल्पनिक होती है यह निद्रा। कभी प्रसन्नता कभी निराशा देती है यह निद्रा। कभी साहस कभी[...]

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Ram Kishore Pathak

गृह लक्ष्मी पत्नी – राम किशोर पाठकगृह लक्ष्मी पत्नी – राम किशोर पाठक

0 Comments 10:51 am

गृह लक्ष्मी पत्नी – कुंडलिया लक्ष्मी है पत्नी सदा, सुखकारी लो जान।जिसको मैंने वर लिया, रखती सबका ध्यान।।रखती सबका ध्यान,[...]

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Jainendra

निष्पक्ष चुनाव को -जैनेन्द्र प्रसादनिष्पक्ष चुनाव को -जैनेन्द्र प्रसाद

0 Comments 10:39 am

निष्पक्ष चुनाव को मनहरण घनाक्षरी छंद में कुशल हो चाहे मांँझी, चाहे नहीं चले आंँधी, छोटा सा भी एक छेद,[...]

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