Category: संदेश

लक्ष्य -बैकुंठ बिहारीलक्ष्य -बैकुंठ बिहारी

0 Comments 11:43 am

लक्ष्य जीवन का प्रथम उद्देश्य है लक्ष्य, सफलता की प्रेरणा है लक्ष्य, कर्तव्य की प्रेरणा है लक्ष्य, आत्म सम्मान की[...]

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स्वास्थ्य बैकुंठ बिहारीस्वास्थ्य बैकुंठ बिहारी

0 Comments 5:06 pm

स्वास्थ्य स्वास्थ्य का ध्यान रखिए, यह प्रकृति की अनुपम भेट है। उत्तम स्वास्थ्य ऊर्जा प्रदान करता है, अंग प्रत्यंग को[...]

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ढूंढता हूं अवनीश कुमारढूंढता हूं अवनीश कुमार

0 Comments 8:58 pm

“ढूंढ़ता हूं” मैं माँ की सुनी माँग में उस दमकती सुंदर आभा — ‘सिंदूर’ की वह पावन आभा ढूंढ़ता हूं,[...]

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मेरी प्यारी गौरैया -अवधेश कुमारमेरी प्यारी गौरैया -अवधेश कुमार

0 Comments 10:08 am

मेरी प्यारी गौरैया : बाल कविता आँगन में जब हँसी गूँजती, नन्हें पाँव दौड़ जाते, गौरैया संग बच्चे मिलकर, गीत[...]

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Jainendra

तुमसे लगन लगी -जैनेंद्र प्रसाद रवितुमसे लगन लगी -जैनेंद्र प्रसाद रवि

0 Comments 6:54 pm

तुमसे लगन लगी ग्वाल-बाल संग मिल, गोपियों के घर जाते, आदत थी छिपकर, माखन चुराने की। गांव की ग्वालन जातीं,[...]

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चलो हाथ धोते हैं अवधेश कुमारचलो हाथ धोते हैं अवधेश कुमार

0 Comments 11:04 pm

चलो हाथ धोते हैं । एक दिन हाथ बोले । चलो आज नया काम करते हैं, गंदगी से दोस्ती तोड़ते[...]

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Ram Kishor Pathak

गजल एक प्रयास- राम किशोर पाठकगजल एक प्रयास- राम किशोर पाठक

0 Comments 10:59 pm

गजल एक प्रयास चलो अब आज हम सीखें कहा कैसे गजल यारों। जिसे उर्दू गजल कहता वही हिंदी सजल यारों।।[...]

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रजनी गंधा की महक अवधेश कुमाररजनी गंधा की महक अवधेश कुमार

0 Comments 11:29 am

रजनीगंधा की महक सुबह की बेला मे जब ओस की बूँदों संग रजनीगंधा महके, मन प्रफुल्लित करे— यही सुगंध, यही[...]

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Ram Kishor Pathak

भगदड़ का अभ्यास -रामकिशोर पाठकभगदड़ का अभ्यास -रामकिशोर पाठक

0 Comments 4:25 pm

भगदड़ का अभ्यास खड़े अभ्यास में बच्चे लगे मोहक सभी सच्चे किया है प्रश्न कुछ कच्चे हुए हलकान क्यों जच्चे।[...]

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Girindra Mohan Jha

वक्त पूछता है, गिरीन्द्र मोहन झावक्त पूछता है, गिरीन्द्र मोहन झा

0 Comments 9:15 pm

वक्त पूछता है रात्रि में शयन से पूर्व वक्त पूछता है, आज तुमने क्या-क्या अर्थपूर्ण किया, सुबह होती है जब,[...]

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