पढ़ो लिखो या खेलो यहाँ पर , पर नाम करो इस जग में । व्यर्थ बैठे तुम क्या करोगे ,[...]
Category: Aasha Ichchha
जीवन-दर्शन – गिरीन्द्र मोहन झाजीवन-दर्शन – गिरीन्द्र मोहन झा
तुम अपने जीवन के सुदीर्घ पथों को देख, मात्र निज जीवन-यात्रा पर फोकस करना। तेरा जीवन सहज, पवित्र, अर्थपूर्ण, परोपकारमय[...]
पिता – राम किशोर पाठकपिता – राम किशोर पाठक
द्विगुणित सुंदरी छंद सबका बोझ उठाना, करना नहीं बहाना। अपना दर्द छुपाना, हर पल ही मुस्काना।। सबका शौक पुराना, उफ्फ[...]
बदलें बिहार आओ – राम किशोर पाठकबदलें बिहार आओ – राम किशोर पाठक
द्विगुणित सुंदरी छंद शिक्षक सभी हमारे, बदलें बिहार आओ। शिक्षा दीप जलाओ, ज्ञान पुंज फैलाओ।। प्रण यह करने आओ, औरों[...]
मुट्ठी में आकाश करो – कुमकुम कुमारी “काव्याकृतिमुट्ठी में आकाश करो – कुमकुम कुमारी “काव्याकृति
इक-इक पल है कीमती जानो स्वयं से तुम संवाद करो। व्यर्थ की बातों में उलझकर न वक्त अपना बर्बाद करो।।[...]
सूरज भैया – अवनीश कुमारसूरज भैया – अवनीश कुमार
सूरज भैया सूरज भैया क्यों है तुम्हारे गाल लाल क्या मम्मी ने तुम्हें डाँटा है या पापा ने मारा[...]
बेटी की अभिलाषा – दिव्या कुमारीबेटी की अभिलाषा – दिव्या कुमारी
पापा मेरी एक अभिलाषा, पढ़ -लिखकर मैं बनु महान । आपका नाम रौशन करु जग में, मेरी भी को अलग[...]
मोदी जी – नीतू रानीमोदी जी – नीतू रानी
विषय -मोदी जी। शीर्षक -बधाई हो बधाई तीसरी बार पीएम बनने पर बधाई, बधाई हो बधाई मोदी जी को बधाई[...]
सुरक्षित रहे प्राण- एस.के.पूनम।सुरक्षित रहे प्राण- एस.के.पूनम।
विधा:-रूपघनाक्षरी (सुरक्षित रहे प्राण) तरु की पत्तियां झड़ी, मंजरी भी गिर पड़ी, पतझड़ के मौसम का यही है पहचान। चल[...]
कसक – गौतम भारतीकसक – गौतम भारती
ख्वाहिशें रह गई , दिल में चुभता रहा । बनके बे ज़ुबाँ तुम्हें तकता रहा ।। आश में मैंने जो[...]
