वृक्ष है संजीवनी वृक्ष है संजीवनी हमारी वसुंधरा की हैं शान धरती को स्वर्ग बनाते, जैसे ईश्वर का वरदान प्राणवायु[...]
Category: padyapankaj
Through Padyapankaj, Teachers Of Bihar give you the chance to read and understand the poems and padya of Hindi literature. In addition, you can appreciate different tastes of poetry, including veer, Prem, Raudra, Karuna, etc.
धरती माँ-सूर्य प्रकाशधरती माँ-सूर्य प्रकाश
धरती माँ धरती माँ है बड़ी महान, सबको मानती अपनी संतान I कष्ट हजारों सहती है, हमसे कुछ ना कहती[...]
मोक्ष की प्रतिक्षा-अवनीश कुमारमोक्ष की प्रतिक्षा-अवनीश कुमार
मोक्ष की प्रतीक्षा थक जाता जब मानव का तन मन ईश्वर से मोक्ष दिलाने को करता नमन लेकिन आत्मा है[...]
राखी का त्योहार- अश्मजा प्रियदर्शिनीराखी का त्योहार- अश्मजा प्रियदर्शिनी
राखी का त्योहार सावन में इन्द्रधनुषी रंग है राखी का त्योहार सप्त ऋषियों के ज्ञान को समेटे राखी का त्योहार [...]
चलो चलें स्कूल की ओर-विजय सिंह “नीलकण्ठ”चलो चलें स्कूल की ओर-विजय सिंह “नीलकण्ठ”
चलो चलें स्कूल की ओर जागो बच्चो हो गई भोर चिड़ियाँ मचा रही है शोर जल्दी-जल्दी तैयार होकर चलो चलें[...]
मानव जीवन-देव कांत मिश्रमानव जीवन-देव कांत मिश्र
मानव जीवन मानव जीवन बड़ा धन्य है इसे हम बताते चलें। अपने सत्कर्मों से नित इसे हम सजाते चलें।। देखो![...]
संभव नहीं – ब्रजराज चौधरीसंभव नहीं – ब्रजराज चौधरी
संभव नहीं छोड़ दें हर कुछ बस अपनी ही खुशी के लिए ये तो संभव ही नहीं है ,हर[...]
गुरु हैं जग के सोपान-अश्मजा प्रियदर्शिनीगुरु हैं जग के सोपान-अश्मजा प्रियदर्शिनी
गुरु हैं जग के सोपान गुरुवर के सानिध्य में बनते हम महान न रहते नादान, देते आशिष बनाते सुल्तान गुरूवर[...]
रोटी-प्रियंका प्रियारोटी-प्रियंका प्रिया
रोटी इस दो जून की रोटी की खातिर नीयत करते सब खोटी, वाकई रोटी चीज नहीं छोटी।। क्या कहूँ इस[...]
चतुर लोमड़ी-अशोक कुमारचतुर लोमड़ी-अशोक कुमार
चतुर लोमड़ी कौआ मामा बहुत चतुर, भूख से थे मजबूर। वह निकले गाँव की ओर, रोटी का टुकड़ा मिला जरूर।[...]
