Author: Anupama Priyadarshini

Jainendra

दीपावली का संदेश – जैनेन्द्र प्रसाद रविदीपावली का संदेश – जैनेन्द्र प्रसाद रवि

0 Comments 3:46 pm

दीपावली का संदेश ****** बच्चों अबकी दीवाली में फुलझड़ियों से मुंह मोड़ो। दुनिया की भलाई के खातिर तुम पटाखा मत[...]

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vivek kumar muzaffarpur

अभिभावक-शिक्षक संगोष्ठी -विवेक कुमारअभिभावक-शिक्षक संगोष्ठी -विवेक कुमार

0 Comments 3:43 pm

सजी है बगिया, चहकने को तैयार, आपके आगमन से होगा, हमारा विद्यालय गुलजार, इंतजार कर रही अंखियां, करने को स्वागत[...]

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Sanjay Kumar Singh

निपुण भारत, निपुण बिहार – संजय कुमार सिंहनिपुण भारत, निपुण बिहार – संजय कुमार सिंह

0 Comments 9:37 pm

बच्चों की फुलवारी कितना महक रही है देखो तो मुनिया बेटी विद्यालय में चहक रही है देखो तो।। चहक –[...]

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Sudhir

पर्यायवाची शब्द -सुधीर कुमारपर्यायवाची शब्द -सुधीर कुमार

0 Comments 8:59 pm

सूरज का है समानार्थी रवि , सूर्य दिनमान ।  इसी तरह ईश्वर का होता प्रभु , देव , भगवान ।। [...]

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Meera

दो भाई- मीरा सिंह “मीरा”दो भाई- मीरा सिंह “मीरा”

0 Comments 9:19 pm

सोनू मोनू हैं दो भाई करते सारे लोग बड़ाई। खेला करते साथ हमेशा कभी कभी वो करें लड़ाई।। उन दोनों[...]

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Sudhir

राष्ट्रकवि सोहनलाल द्विवेदी – सुधीर कुमारराष्ट्रकवि सोहनलाल द्विवेदी – सुधीर कुमार

0 Comments 7:59 pm

सोहनलाल द्विवेदी की मैं गाथा तुम्हें सुनाता हूँ । इनका जीवन और कृति से परिचय तुम्हें कराता हूँ द्विवेदी जी[...]

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Nitu Rani

खांमोशी भी कुछ कहती है – नीतू रानीखांमोशी भी कुछ कहती है – नीतू रानी

0 Comments 9:16 pm

खामोशी भी कुछ कहती है चाहे कोई मुँह से बोलकर नहीं कहे , लेकिन ये आँखें बहुत कुछ कह देती[...]

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Jainendra

वर्षा की बूंदे – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’वर्षा की बूंदे – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’

0 Comments 9:06 pm

मनहरण बाल घनाक्षरी “””””””””””””””””””””””” टप – टप गिरे ऐसे, लगता है मोती जैसे, नभ से वर्षा की बूंदे रिमझिम बरसे।[...]

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Jainendra

रावण दहन – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’रावण दहन – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’

0 Comments 4:46 pm

अपने अंतर्मन का, रावण दहन करें, लोभ-मोह, दर्प-मान बड़ा ही दानव है। दूसरों से बैर भाव, मानवता का अभाव, क्षुद्र[...]

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