खिली जो कलियाँ ले नव रंग। फाग में महका है हर अंग।। देख कर फूलों का शृंगार। भ्रमर ने छेड़ा[...]
Author: madhukumari
तुम चलो तो सही-अमृता कुमारी तुम चलो तो सही-अमृता कुमारी
सारी नाउम्मीदी, उलझनों, चिंताओं को किनारे रखकर, एक बार उठो तो सही! पता है कि रास्ते में[...]
देखो आयी होली – आयी होली- श्री रवि कुमारदेखो आयी होली – आयी होली- श्री रवि कुमार
रंगों से हुई आँख मिचोली, देखो आयी होली-आयी होली । बच्चों बूढ़ो की निकली टोली, देखो आयी होली-आयी होली ।।[...]
फाग-राम किशोर पाठकफाग-राम किशोर पाठक
हुआ है धूमिल सभी उमंग। फाग में कैसे खेलें रंग।। लगे हैं रोटी में श्रीमान। सदा हैं वे भी तो[...]
फाग क्या होती अम्मा बोल-राम किशोर पाठकफाग क्या होती अम्मा बोल-राम किशोर पाठक
बजाते हैं सब देखो ढोल। फाग क्या होती अम्मा बोल।। सभी जो करते हैं हुड़दंग। तभी तो जो जाता हूँ[...]
बसंत की बहार- मुन्नी कुमारीबसंत की बहार- मुन्नी कुमारी
बसंत की बहार है, वर्षा की फुहार है। रंगों का त्योहार है, आया खुशियों का बौछार है। सूरज की किरणे[...]
पैगाम – राम किशोर पाठकपैगाम – राम किशोर पाठक
दीवानों का हाल सुनाने, संग लिए अपने पैगाम। कुसुमाकर है दौड़ा आया, बैठे हम अपना चित थाम। रंग-गुलाल हवा है[...]
भरे हुए भंडार समय पर लूटो-रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’भरे हुए भंडार समय पर लूटो-रामपाल प्रसाद सिंह ‘अनजान’
भाग गया है शीत,निकल कर देखो। बाहर किरणें प्रीत,निकल कर देखो।। जो था कल तक ठोस,पिघलते देखो। बूॅंदें अटकीं ढीठ,[...]
किनारा-रूचिकाकिनारा-रूचिका
किनारों पर खड़ा होकर गहराई का अंदाजा लगा नही सकते, बिना चोट के दर्द कितना ये कहाँ कभी बता सकते।[...]
युवा-कुमारी रूपरानी युवा-कुमारी रूपरानी
“युवा हैं हमारे देश की शान आओ मिलकर करें सलाम।। अपने जीवन को ना करो ध्रुमपान और मादक द्रव में[...]
