🙏कृष्णाय नमः🙏 विधा:-मनहरण (करती हूँ बंदगी) तरसती है निगाहें, भरती हैं नित्य आहें, भूखे पेट तड़पती,मजबूर जिन्दगी। भाग्य से निवाला[...]
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Through Padyapankaj, Teachers Of Bihar give you the chance to read and understand the poems and padya of Hindi literature. In addition, you can appreciate different tastes of poetry, including veer, Prem, Raudra, Karuna, etc.
जब से आई गरमी – मीरा सिंह “मीरा”जब से आई गरमी – मीरा सिंह “मीरा”
सूरज बाबा ने हद कर दी सुबह सवेरे आते जल्दी। सूनी सूनी सड़कें गलियाँ दुबके बैठे बच्चे घर जी। आंख[...]
मौसम का असर – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’मौसम का असर – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’
रात दिन में भी ज्यादा- पड़ता है फर्क नहीं, ज़ालिम मौसम देखो, ढा रहा कहर है। जैसे -जैसे दिन ढले,[...]
संसार करे सम्मान – एस.के.पूनमसंसार करे सम्मान – एस.के.पूनम
भूखी प्यासी चल रही, साँवली सलोनी नारी, ठौर न ठिकाना कहीं,आशियाना आसमान। जननी पुकारे कोई, नभ तले मिली सोई, अपना[...]
मेरी कलम बहुत छोटी – नीतू रानीमेरी कलम बहुत छोटी – नीतू रानी
मेरी कलम बहुत छोटी लिखती है छोटी और मोटी, रूकने का कभी नाम नहीं लेती अंग्रेजी, हिंदी सबकुछ लिखती। कभी[...]
विश्व महावारी स्वच्छता दिवस – नीतू रानीविश्व महावारी स्वच्छता दिवस – नीतू रानी
मेरे स्कूल के बच्चे दिल के बड़े हैं सच्चे। सभी बच्चियाँ मिलकर खेल रही है खेल, कभी अलग हो जाती[...]
रूपघनाक्षरी – एस.के.पूनमरूपघनाक्षरी – एस.के.पूनम
भोर का आगा़ज कर, शोर करे नभचर, जाग गए नर -नारी,पहुँचे हैं खलिहान । कुदाल है कंधे पर, टोकरी है[...]
मनहरण – एस.के.पूनममनहरण – एस.के.पूनम
क्षितिज पार से आए, क्षितिज पार को जाए, मध्य काल तप्त कर,गोधूलि अस्त रहे। प्रातःकाल मुसकाय, दोपहर झुलसाय, तप कर[...]
उपदेश देते हैं – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’उपदेश देते हैं – जैनेन्द्र प्रसाद रवि’
विषय:-उपदेश देते हैं विद्या :-मनहरण घनाक्षरी छंद फैशन में पड़कर, सुध-बुध खोते युवा, चेहरा नकली और काले केश होते हैं।[...]
मन कहे वाह वाह – एस.के.पूनममन कहे वाह वाह – एस.के.पूनम
🙏कृष्णाय नमः🙏 विधा:-रूपघनाक्षरी (मन कहे वाह वाह) हरी-भरी घास पर, ओश करे जगमग, प्रकृति की छटा देख,मन कहे वाह-वाह। रवि[...]
