Category: sandeshparak

Sandeshparak poems are poems that are used to convey a message with feelings. Through poems, statements related to the country, the world, and society are transmitted to the people. Teachers of Bihar give an important message through the Sandeshparak of Padyapankaj.

मेरा संकल्प – मोहम्मद आसिफ इकबाल मेरा संकल्प – मोहम्मद आसिफ इकबाल 

0 Comments 6:34 pm

मैं सागर से भी गहरा हूँ तुम कितने पत्थर फेंकोगे ? चुन-चुनकर सारे पत्थर को मैं नई डगर बनाऊंगा, नित-नए[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Nitu Rani

वन्यजीवों की सुनो पुकार-नीतू रानीवन्यजीवों की सुनो पुकार-नीतू रानी

0 Comments 6:31 pm

विश्व वन्यजीव दिवस मनाईए, सभी वन्यजीवों को मारने से बचाइए। वन्यजीव के लिए लगाइए पेड़, रहेंगे उसमें बंदर,हाथी ,चीता और[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Ram Kishore Pathak

अनुपम है माँ की ममता-राम किशोर पाठकअनुपम है माँ की ममता-राम किशोर पाठक

0 Comments 7:31 pm

अनुपम है माँ की ममता। अद्भुत रखती तन्मयता।। अर्पित हर-पल रहती है। बच्चों का दुख हरती है।। चलना वह सिखलाती[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Ram Kishore Pathak

माटी देश की शान- राम किशोर पाठक माटी देश की शान- राम किशोर पाठक 

0 Comments 7:27 pm

शान माटी देश की। मान है परिवेश की।। भूख से यह त्राण दे। दिव्यता कल्याण दे।। है उगल सोना रही।[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Nitu Rani

जागृति शंख बजाएँगे हम-नीतू रानीजागृति शंख बजाएँगे हम-नीतू रानी

0 Comments 7:27 pm

भारत को शिक्षित बनाएँगे हम,  बदलेंगे जमाना। शिक्षा ग्रहण करना ध्रुव सा अटल है काया की रग -रग में शिक्षा[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें
Nitu Rani

डायरिया से डर नही-नीतू रानीडायरिया से डर नही-नीतू रानी

0 Comments 11:09 pm

डायरिया से डर नही,  अब डायरिया से कोई जाएगा मर नही। डायरिया का मतलब स्वच्छ और साफ, कभी न आएगा[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें

मानव अब मानव न रहा- मोहम्मद आसिफ इकबाल मानव अब मानव न रहा- मोहम्मद आसिफ इकबाल 

0 Comments 11:04 pm

मानव अब मानव न रहा, ये विकराल रूप दानव का है। जानवर ने जो छोड़ दिया वही काम अब मानव[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें

वही है भारत देश हमारा-सत्यम कुमारवही है भारत देश हमारा-सत्यम कुमार

0 Comments 7:54 am

जहाँ महात्मा गांँधी का महात्म्य  जहाँ वीर भगत ने रचा शौर्य का इतिहास, जहाँ बहती है गंगा की निर्मल धारा [...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें

तुम चलो तो सही-अमृता कुमारी तुम चलो तो सही-अमृता कुमारी 

0 Comments 10:39 pm

सारी नाउम्मीदी, उलझनों, चिंताओं को किनारे रखकर,  एक बार उठो तो सही!       पता है कि रास्ते में[...]

और पढ़ेंऔर पढ़ें