ॐ कृष्णय नमः -एस. के पूनम

ऊँ कृष्णाय नमः विधाता छंद (हमारी बाँसुरी राधा) हमारी बाँसुरी राधा, कभी मुझसे नहीं रूठी। किया वादा हमेशा ही, सदा निकली शपथ झूठी।। हृदय की बात तुमसे कह, प्रणय की…

ध्वज फहराइए -रामकिशोर पाठक

ध्वज फहराइए- मनहरण घनाक्षरी (८-८-८-७) नियमों का ध्यान कर, सबका सम्मान कर, सत्य गुणगान कर, तंत्र अपनाइए। अपनों से मिलकर, दुश्मन से लड़कर, समरस बनकर, कदम बढ़ाइए। शहीदों के नमन…

देश हमारा सबसे प्यारा-आशीष अम्बर

देश हमारा सबसे प्यारा। देश धर्म पर बलि- बलि जाओ। एक साथ सब मिलकर गाओ। प्यारा भारत देश हमारा। झंडा ऊंचा रहे हमारा। देश को आजादी दिलाने के लिए। जिन…

पहल-रूचिका

पहल जब दूरियाँ बढ़ जाए रिश्तों में पहल कर लो नजदीक आने की दूरियाँ मिटाने की। कोई गलतफहमी जब गाँठ बाँध ले पहल कर लो गाँठें सुलझाने की गलतफहमी मिटाने…

ऋतु कुसुमाकर-राम किशोर पाठक

लाना फूलों की सब माला। ऋतु कुसुमाकर आने वाला।। गुरुवर सबको बोल रहे हैं। राज सभी से खोल रहे हैं।। सजने वाला अपना शाला। ऋतु कुसुमाकर आने वाला।।०१।। पूजा होगी…

वीर माता क्यों मजबूर हुई-नीतू रानी

वीर‌ माता क्यों मजबूर हुई जब उसपर अत्याचार क्रूर हुई, तभी वीर माता मजबूर हुई। वीर माता पर पुरुषों का बज्र प्रहार, वीर माता खाती रही पुरुषों की मार। वीर…