बुलाते हैं प्यारे, सकल जन राजा भजन में। अधोगामी सारे, सहज तर जाते शरण में।। पिता आज्ञा से जो, गहन[...]
नूतन वर्ष-राम किशोर पाठकनूतन वर्ष-राम किशोर पाठक
आया है अपना शुभ संवत्सर, आओ खुशी मनाएँ। राग फाग का गाए हैं अब, माँ को जरा बुलाएँ।। हुई सुवासित[...]
राम वन से आ गये- राम किशोर पाठक राम वन से आ गये- राम किशोर पाठक
राम वन से आ गये। देवता बन भा गये।। सूचना से राष्ट्र में। हर्ष पूरे छा गये।। शोक चौदह साल[...]
मातु अम्बे आ रही-राम किशोर पाठक मातु अम्बे आ रही-राम किशोर पाठक
मातु अम्बे आ रही। सौम्यता दिखला रही।। भक्त को खुशियाँ मिली। दुष्ट को दहला रही।। रात्रि नौ मधुमास की। दिव्यता[...]
दहि तू एक्जाम रे ना -मनु कुमारीदहि तू एक्जाम रे ना -मनु कुमारी
नुनू खुशी – खुशी से दहि तू एक्जाम रे, पाबिहैं बड़ा मुकाम रे ना। परीक्षा में डरै के नय कोनो[...]
मूल्यांकन -मनु कुमारीमूल्यांकन -मनु कुमारी
मूल्यांकन ( कविता) मुस्कानों से भरा हुआ हर एक चेहरा, मन में उमंग, न कोई डर का बसेरा। मूल्यांकन का[...]
दोहा विधान रामकिशोर पाठकदोहा विधान रामकिशोर पाठक
दोहा विधान आओं हम सीखा रहे, दोहा लिखना खास। सरल तरीका है यही, करना है अभ्यास।।०१।। जान रहा हूँ मैं[...]
खत -रामकिशोर पाठकखत -रामकिशोर पाठक
खत – विधाता छंद रखा खत में कभी मैंने, हृदय को खोलकर अपना। लिखा कुछ शब्द जो मैंने, वही तो[...]
बिहार दिवस -रामपाल प्रसाद सिंहबिहार दिवस -रामपाल प्रसाद सिंह
बिहार दिवस। हरि गीतिका छंद में। रुकता नहीं बढ़ता सदा रथ,नव नवीन बिहार है। जो पूर्व-उत्तर में अवस्थित,देश का श्रृंगार[...]
दोहा रचना कीजिए -रामकिशोर पाठकदोहा रचना कीजिए -रामकिशोर पाठक
दोहा रचना कीजिए – एक प्रयास दोहा रचना जब करें, रखिए इतना ध्यान। मात्रा गिनती स्वर सभी, व्यंजन का न[...]
